मुरादाबाद। 341 करोड़ की जीएसटी चोरी का यह बड़ा खेल लखनऊ से लेकर मुजफ्फरनगर तक फैला है। जिसमें ट्रकों की मंडी कहे जाने वाले मैनाठेर क्षेत्र के लोग भी शामिल हैं। माल ढोने में इनके ट्रक इस्तेमाल किए जा रहे हैं। हैरानी की बात यह है कि एक ही ट्रक को एक ही समय में दो जगह पर माल लोड होना और सप्लाई देना दर्शाया गया है।राज्य कर सचल दल के वरिष्ठ सहायक कार्यालय प्रमोद कुमार ने अपनी टीम के साथ मुरादाबाद के उमरी चौराहे पर 24 अक्तूबर की रात करीब दस बजे एक ट्रक रुकवाकर जांच की। ट्रक को मैनाठेर थाना क्षेत्र के मदारपुर लालपुर गंगवारी चला रहा था। कागजातों की जांच पड़ताल में पता चला कि ट्रक में लदा माल लखनऊ के राजाजीपुरम निवासी अंकित कुमार की फर्म से मुजफ्फर नगर जा रहा था। जांच आगे बढ़ी तो सामने आया है कि जीएसटी की बड़ी चोरी कर सरकार को चूना लगाया जा रहा है। इस पूरे खेल में लखनऊ, शाहजहांपुर, सीतापुर, मुरादाबाद और मुजफ्फर नगर के लोग शामिल हैं। मुरादाबाद के मैनाठेर क्षेत्र में हजारों की संख्या में ट्रक हैं। इन ट्रकों को जीएसटी चोरी में इस्तेमाल किया जा रहा है। इस खेल में कई ट्रांसपोर्टर कंपनियों के संचालक भी शामिल हैं। टीम ने जो ट्रक पकड़े हैं वह भी मैनाठेर क्षेत्र के हैं। इसके अलावा यह बात भी सामने आई है कि जीएसटी चोरी में फर्जी दस्तावेजों को तैयार किया गया है। जिस दस्तावेजों में मैनाठेर के तमाम ट्रकों के नंबरों का इस्तेमाल किया गया है। जबकि यह ट्रक या तो खड़े या फिर कहीं दूसरे जगह भेजे गए हैं। मैनाठेर के ताहरपुर निवासी भूरे अली को भी आरोपी बनाया गया है।