एसपी लखन सिंह यादव ने बताया कि पीड़ित युवती हरियाणा के फतेहाबाद जिले की रहने वाली है और वहीं की किसी प्राइवेट कंपनी में जॉब करती है। युवती ने पुलिस को बताया कि एक महिला मित्र ने उसकी मुलाकात सीआरपीएफ में हेड कांस्टेबल मोहित से कराई थी मोहित मुजफ्फरनगर के शाहपुर थाना क्षेत्र के गांव सौरम का रहने वाला है।
सोमवार (21 सितंबर) को वह सोनीपत में मोहित से मिली। उसने घूमने चलने का प्रस्ताव रखा तो वह उसकी कार में सवार हो गई। सोनीपत से मोहित उसे कार से मेरठ ले गया, जहां उसने अपने साथी अलवर (राजस्थान) के थाना क्षेत्र के गांव हातनखेड़ा निवासी सीआरपीएफ इंस्पेक्टर लालाराम यादव को भी गाड़ी में बैठा लिया।
सोमवार रात ये तीनों मेरठ में एक स्थान पर रुके। इसके बाद मंगलवार की शाम तीनों कार से हसनपुर कोतवाली पहुंचे, जहां गेट पर सादे कपड़ों में पहले से मौजूद बागपत के थाना रमाला के गांव सूप निवासी दरोगा संजय तोमर भी उनकी गाड़ी में सवार हो गया।
खाना और शराब लेकर आया सिपाही प्रमोद
कुछ देर बाद सभी हसनपुर कोतवाली इलाके में झूलपुरी में स्थित खानपुर (उत्तराखंड) के विधायक उमेश शर्मा के फार्म हाउस पर पहुंचे। वहां कुछ कमरे लिए गए। कुछ देर बाद मुजफ्फरनगर के फुगाना थाना इलाके के गांव खेड़ामस्तान निवासी सिपाही प्रमोद कुमार खाना और शराब लेकर वहां पहुंचा।
रात में खाना-पीना होने के बाद मोहित, लालाराम और संजय तोमर जबरन युवती के कमरे में घुस आए और उसके साथ दुष्कर्म किया। इसके बाद सिपाही प्रमोद अंदर घुसा तो युवती ने हिम्मत करके उसे धक्का देकर बाहर निकाला और कमरा अंदर से लॉक कर लिया।
इसके बाद युवती ने पुलिस को फोन किया। मंगलवार रात में ही पुलिस ने छापा मारकर फार्म हाउस से चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। युवती को भी पुलिस अपने साथ हसनपुर कोतवाली ले आई।
बुधवार को कोतवाली में सभी से पूछताछ के बाद पुलिस ने सामूहिक दुष्कर्म का मामला दर्ज कर लिया। पुलिस के मुताबिक, मोहित सीआरपीएफ की पांचवीं बटालियन दिल्ली में हेड कॉन्स्टेबल है, जबकि लालाराम यादव सीआरपीएफ 156वीं बटालियन न्यू बोगाई गांव असम में निरीक्षक है। वारदात में इस्तेमाल कार मोहित की बताई जा रही है, जो पुलिस के कब्जे में है।
दरोगा सिपाही के खिलाफ करेंगे बर्खास्तगी की कार्रवाई सीआरपीएफ इंस्पेक्टर के खिलाफ भेजी रिपोर्ट
मुरादाबाद रेंज के डीआईजी मुनिराज जी ने बताया कि पीड़िता की तहरीर पर अमरोहा के हसनपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज की गई है। इस मामले में शामिल चारों आरोपी गिरफ्तार कर लिए गए हैं।
हसनपुर थाने में तैनात रहे दरोगा और सिपाही के खिलाफ बर्खास्तगी की कार्रवाई की जाएगी। सीआरपीएफ के इंस्पेक्टर और सिपाही के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के लिए संबंधित विभाग को रिपोर्ट भेजी गई है।
मनोना धाम ले जाने का झांसा देकर युवती को सोनीपत से लाया था आरोपी मोहित
पुलिस की जांच में सामने आया है कि आरोपी सीआरपीएफ जवान मोहित पीड़िता को बहला-फुसलाकर अपने साथ लाया था। उसने पीड़िता को सोनीपत में मिलने के बाद प्रसिद्ध धार्मिक स्थल मनोना धाम घुमाने का झांसा दिया था।
पीड़िता उसकी कार में सवार हो गई लेकिन आरोपी उसे मनोना धाम ले जाने के बजाय सीधे मेरठ होते हुए अमरोहा के हसनपुर ले आया और फार्म हाउस में ठहराकर वारदात को अंजाम दिया।
कल रात सीआरपीएफ का एक अधिकारी, स्थानीय थाने का एसआई, एक महिला और एक सीआरपीएफ का जवान फार्म हाउस में पहुंचे। दरोगा ने बताया कि यह अधिकारी गृह मंत्रालय से आए हैं। बड़ी जांच कर रहे हैं। कुछ घंटे यहां रुकेंगे। इसके बाद चले जाएंगे। महिला को भी अधिकारी बताया और उसके साथ मौजूद सीआरपीएफ जवान को महिला अधिकारी का पीएसओ बताया। रात में लोकल थाने की पुलिस पहुंची और सभी को गिरफ्तार कर ले गई है।- उमेश शर्मा, विधायक खानपुर (उत्तराखंड)