पाइपलाइन क्षतिग्रस्त होने से तीन घंटे थमी रही गैस आपूर्ति, लोग परेशान
- रेल विहार, रेल कुंज और रॉयल एंक्लेव के 172 परिवारों को भुगतनी पड़ी परेशानी
- मंगूपुरा में शाम चार बजे जेसीबी से क्षतिग्रस्त हुई थी पाइपलाइन, मरम्मत में लगे तीन घंटे
संवाद न्यूज एजेंसी
मुरादाबाद। जेसीबी के कारण शुक्रवार को मंगूपुरा क्षेत्र में टॉरेंट कंपनी की घरेलू गैस (पीएनजी) की पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गई। इसके कारण रेल विहार, रेल कुंज और रॉयल एंक्लेव के 172 परिवारों के चूल्हे तीन तक ठंडे रहे। किसी घर में बुजुर्गों को शाम की चाय नहीं मिलीं तो कहीं भोजन देर से बना। शाम चार बजे रोकी गई सप्लाई देर शाम सात बजे शुरू हुई।
अचानक सप्लाई रुकी तो लोगों को लगा कि उनके घर की पाइपलाइन में ही दिक्कत है। लोगों ने एक-दूसरे के घरों से मदद लेनी चाही तब पता चला कि पूरी कॉलोनी में ही सप्लाई प्रभावित है। इसके बाद पूछताछ का सिलसिला आसपास की कॉलोनियों तक पहुंचा। तब जाकर तीन कॉलोनियों के कुल 172 घरों में गैस सप्लाई न होने की जानकारी मिली। स्थानीय लोगों ने टॉरेंट गैस के कार्यालय पर संपर्क किया लेकिन वहां से कोई जानकारी नहीं दी गई। इससे लोगों में असंतोष बढ़ गया। लोगों का कहना था कि बिना किसी पूर्व सूचना के गैस की सप्लाई बंद कर दी गई। लोगों की जरूरतों के काम प्रभावित हुए। उन्होंने शिकायत करने के लिए कंपनी के महाप्रबंधक को फोन लगाया, तब जाकर सही जानकारी मिली।
टॉरेंट गैस के सहायक महाप्रबंधक सतीश वर्मा ने बताया कि शाम तकरीबन चार बजे मंगूपुरा में किसी प्राइवेट जेसीबी से पाइपलाइन का एक फुट हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया। लीकेज की जानकारी मॉनिटरिंग सिस्टम के जरिये मिली तो सप्लाई रोकी गई, जिससे कोई हादसा न हो। लीकेज की जगह ढूंढकर चार फीट गहरा गड्ढा खोदकर पाइपलाइन की मरम्मत करने में समय लगा। इस दौरान लोगों को हुई असुविधा के लिए सहायक महाप्रबंधक ने खेद प्रकट किया।
लोगों से बातचीत (फोटो)
मेरी बेटी अपने बच्चों के साथ घर पर आई है। उसका छोटा सा बेटा है, शुक्रवार को भूख के कारण वह काफी रो रहा था लेकिन गैस सप्लाई बंद होने की वजह से हम उसे दूध गर्म करके नहीं दे सके। कंपनी ने बिना जानकारी दिए सप्लाई बंद कर दी।
- सुशील कुमार शर्मा
तकनीकी कारणों के चलते दिक्कत आ सकती है लेकिन कंपनी का दायित्व है कि वह ग्राहकों को सही जानकारी उपलब्ध कराए। जानकारी न देकर झूठी तसल्ली देना गैर जिम्मेदाराना व्यवहार को दर्शाता है।
- राम कैलाश
बिना पूर्व सूचना के कंपनी द्वारा गैस की सप्लाई बंद कर दी गई। मैंने कस्टमर केयर पर फोन किया तो उन्होंने आधे घंटे में स्टाफ भेजने की बात कही। कंपनी के कोई स्टाफ जानकारी लेने नहीं आए। सप्लाई भी तीन घंटे बाद चालू हुई।
- सर्वेश दीक्षित
मैं एक शिक्षक हूं, विद्यालय से ड्यूटी खत्म होने के बाद रोजाना दोपहर तीन बजे तक घर लौटती हूं। शुक्रवार को घर लौटने के बाद मैनें कुछ देर आराम किया। चार बजे खाना बनाने के लिए गैस खोली तो पता चला सप्लाई नहीं थी। काफी देर भूखा रहना पड़ा।
- रश्मि, मिश्रा