मुरादाबाद। गैंगस्टर एक्ट के दोषी को अदालत ने साढ़े तीन साल के कठोर कारावास और पांच हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
थाना डिलारी में चार नवंबर 2017 को तत्कालीन थाना प्रभारी शरद मलिक ने यामीन निवासी पहाड़ी दरवाजा थाना नगीना जिला बिजनौर के खिलाफ केस दर्ज कराया था। शरद मलिक की तहरीर के मुताबिक यामीन अपना गैंग बनाकर अवैध रूप से धन उगाही करता है, आने जाने वाले लोगों को लूटता लेता है। उसका क्षेत्र में भी काफी आतंक है। इस कारण से लोग उसके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर पाते। मुकदमे की सुनवाई अपर जिला जज पंचम शैलेंद्र सचान की अदालत में की गई। सरकार की ओर से विशेष लोक अभियोजक राजीव त्यागी ने दलीलें दी गई। आरोपी को अदालत ने पत्रावली पर मौजूद साक्ष्यों के आधार पर गैंगस्टर एक्ट के तहत दोषी करार देते हुए उसे साढ़े तीन साल के कठोर कारावास की सजा के साथ उस पर पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। गैंगस्टर यामीन को जेल भेज दिया गया।