इसमें बताया कि आरोपियों का गैंग चोरी की घटनाओं को अंजाम देता है। पुलिस को आरोपियों के क्षेत्र में होने की जानकारी मिली थी। एसएसआई पुलिस टीम लेकर आरोपियों की गिरफ्तार करने गए थे। इसी दौरान आरोपियों ने पुलिस टीम पर हमला कर दिया था। इन्हें गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। इस मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट संख्या तीन विमल वर्मा की अदालत में की गई। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अशोक यादव और दिनेश कश्यप ने बताया कि आरोपी रीनू उर्फ गजी ने अदालत में अपना जुर्म इकबाल किया। जिस पर अदालत ने अन्य आरोपियों की पत्रावली अलग करते हुए आरोपी रीनू उर्फ गजी को पुलिस टीम पर हमला करने के आरोप में चार साल की सजा के साथ उस पर 1500 रुपये का अर्थदंड लगाया है।