ठाकुरद्वारा। गांव राजूपुर कला हाल निवासी नगीना शाहरुख ने कोर्ट में याचिका दायर कर कहा की दो मार्च को वह बाइक से अपने भाई उस्मान के साथ ठाकुरद्वारा से घर जा रहा था तभी रास्ते में गांव के जीशान, ईशान, वकील, कमरुद्दीन, यासीन और बिजनौर के गांव निवासी रफीक ने दारापुर मोड़ के पास दोनों भाइयों की बाइक को रोकने की कोशिश की। खतरा देखकर उन्होंने बाइक को तेज भगाया लेकिन आरोपियों ने उन्हें शरीफ नगर में पेट्रोल पंप के पास रोक लिया। उन पर चाकू, लाठी डंडों और सरियों से हमला बोल दिया। शाहरुख के अनुसार उसे चाकू मार कर गंभीर घायल कर दिया। आरोपियों ने उसके रुपये भी छीन लिए। आरोपी उन पर उनकी भाभी द्वारा दर्ज कराए गए मुकदमे को वापस लेने को कह रहे थे और जान से मारने की धमकी भी दे रहे थे। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और उन्हें और जीशान को पकड़कर कोतवाली ले आई। आरोप है कि पुलिस ने जीशान को बिना कार्रवाई को छोड़ दिया। उन्होंने पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठाए हैं। पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर सभी आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।