कांठ। बिना रजिस्ट्रेशन अवैध रूप से क्लीनिक और एक्स-रे सेंटर चलाने के आरोप में क्लीनिक संचालक शहजाद और एक्सरे सेंटर संचालक मुकेश के खिलाफ दो माह बाद एफआईआर दर्ज की गई है।
कांठ थाने में दर्ज हुई एफआईआर के अनुसार 24 जून को सीएचसी चिकित्साधीक्षक डॉ. राजीव सिंह ने कांठ नगर के मोहल्ला स्थित एक क्लीनिक पर छापा मारा था। मौके पर क्लीनिक संचालक व स्टाफ मिला था। यहां रिपोर्ट व अन्य दस्तावेजों पर टीम ने संचालक के द्वारा स्वयं को बीएएमएस लिखा हुआ पाया था। लेकिन जांच के दौरान संचालक के पास बीएएमएस का कोई भी डिप्लोमा या डिग्री नहीं मिली थी, साथ ही क्लीनिक का सीएमओ कार्यालय से जारी होने वाला रजिस्ट्रेशन भी नहीं मिला था। मौके पर दवाइयां व चिकित्सीय कार्य करने का सामान मिला था। टीम को यहां बायो मेडिकल बेस्ट की भी व्यवस्था नहीं मिली थी। जिस पर इस क्लीनिक को भी सील कर दिया गया था। वहीं 23 जून को सीएचसी चिकित्साधीक्षक डॉ. राजीव सिंह ने चिकित्सीय दल के साथ उमरी चौराहा स्थित एक एक्स-रे सेंटर का निरीक्षण किया था। यहां जांच में संचालक मौके पर नहीं मिले थे। पूछताछ में सेंटर का सपोर्टिंग स्टाफ रजिस्ट्रेशन आदि नहीं दिखा पाया था। यहां कुछ एक्स-रे, पर्चियां आदि मिले थे। जिस पर चिकित्साधीक्षक ने इसे सील करा दिया था। इन दोनों मामलों में अब पुलिस ने चिकित्साधीक्षक की तहरीर पर दोनों संचालकों शहजाद और मुकेश के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।