मुरादाबाद। फास्टैग में दी गई रियायत की मियाद बुधवार को खत्म हो गई है। बुधवार रात 12 बजे से एनएचएआई ने अपने सभी टोल प्लाजा पर कैश लेन खत्म कर दी हैं। टोल पर सिर्फ एक कैश लेन होगी और उससे गुजरने के लिए वाहन स्वामी को दोगुना टोल देना होगा। फास्टैग लेन से कैश वाले वाहनों को नहीं गुजरने दिया जाएगा। एनएचएआई की कोशिश है कि जल्द से जल्द सभी वाहनों पर फास्टैग लग जाएं। इसके लिए हरेक टोल प्लाजा पर फास्टैग की बिक्री के लिए स्टॉल्स लगाए गए हैं।
एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर विनय कुमार बंसल का कहना है कि अब टोल प्लाजा पर कैश की सिर्फ एक लेन होगी। इसे भी जल्द खत्म कर दिया जाएगा। टोल से गुजरने के लिए सभी वाहनों पर फास्टैग होना अनिवार्य होगा। फिलहाल कैश लेन से गुजरने वालों को दोगुना टोल चुकाना पड़ेगा। इसके अलावा कैश की एक ही लेन होने की वजह से इस लेन में वाहनों की लंबी कतारें भी लगेंगी। लिहाजा कैश वालों को जाम भी झेलना होगा। प्रोजेक्ट डायरेक्टर ने बताया कि सभी टोल बूथ पर फास्टैग महज 100 रुपये में उपलब्ध है। जाम और किसी भी झंझट से बचने के लिए लोग फास्टैग का इस्तेमाल करें। एनएचएआई अधिकारी ने बुधवार को मुरादाबाद डिवीजन में आने वाले सभी छह टोल बूथ प्रबंधन को निर्देश दिए हैं कि कैश वाले वाहनों को फास्टैग वाली लेन से नहीं गुजरने दें।
सिर्फ 50 फीसदी कर रहे फास्टैग का उपयोग
मुरादाबाद। एनएचएआई की मुरादाबाद डिवीजन में ब्रजघाट, जोया, नियामतपुर इकरोटिया, त्रिया खेतल, इब्राहीमपुर, बेलोंन समेत कुछ छह टोल प्लाजा पड़ते हैं। पिछले एक महीने के आंकड़े बताते हैं कि मुरादाबाद डिवीजन के टोल प्लाजा पर सिर्फ 50 फीसदी लोग की अभी फास्टैग का इस्तेमाल कर रहे हैं। त्रिया खेतल और नियामतपुर इकरोटिया पर करीब 52 फीसदी लोगों ने पिछले एक महीने में फास्टैग का इस्तेमाल किया है जबकि ब्रजघाट, जोया, इब्राहीमपुर और बेलोंन पर यह आंकड़ा 47 से 48 फीसदी के बीच है।