नागफनी निवासी निर्यातक फैजुल रहमान के मासूम बेटे फैय्याज को उनके पुराने कर्मचारी ने नौकर के साथ मिलकर अगवा किया था। दोनों आरोपियों ने इस बड़ी साजिश में अपने एक अन्य साथी को भी शामिल किया था। मंडप के बाहर से तीनों आरोपी बच्चे को उठाकर रामपुर ले गए और वहां शाहबाद गेट पर एक कमरे में बंद कर लिया।
इसके बाद पुराने कर्मचारी ने फोन कर निर्यातक से दस लाख रुपये की मांगी। लेकिन पुलिस चौकसी की वजह से अपहरणकर्ताओं के मंसूबे धरे रह गए। लोकेशन ट्रेस होने के बाद पुलिस ने तड़के चार बजे अपहरणकर्ताओं के ठिकाने पर छापा मारकर बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया और तीन अपहरणकर्ता गिरफ्तार कर लिए गए।
एसएसपी नितिन तिवारी ने रविवार दोपहर पुलिस लाइन में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में इस सनसनीखेज घटना का खुलासा किया। एसएसपी ने बताया कि शनिवार रात निर्यातक फैजुलरहमान ने नागफनी थाने में सूचना दी थी कि पौने नौ बजे उनके दो साल के बेटे फैय्याज का अपहरण कर लिया गया है।
घटना के समय नौकर फैसल पुत्र शब्बीर निवासी डहरिया बच्चे को दुकान से चॉकलेट दिलाने गया था। तब से नौकर भी गायब है। निर्यातक के मोबाइल पर पौने ग्यारह बजे कॉल कर अपहरणकर्ताओं ने बच्चे को छोड़ने की एवज में दस लाख रुपये फिरौती की मांग की थी। रकम नहीं देने पर बच्चे की हत्या करने की धमकी दी थी।