मुरादाबाद। गर्मियों में जबरदस्त बिजली कटौती के बढ़ते मामलों के बाद पश्चिमांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड मेरठ के प्रबंध निदेशक रवीश गुप्ता शनिवार को मुरादाबाद पहुंचे।
उन्होंने मुख्य अभियंता (वितरण) के कार्यालय में तकनीकी एवं वाणिज्यिक मानकों के आधार पर व्यवस्थाओं की समीक्षा की। जिसमें उन्होंने उपभोक्ताओं की शिकायतों को गंभीरता से लेकर गुणवत्तापूर्ण निस्तारित करने और बिजली आपूर्ति को अधिक सुचारु व निर्बाध बनाने के निर्देश अधिकारियों को दिए।
प्रबंध निदेशक ने खराब हो रहे ट्रांसफार्मर, उनके बदलने की समयबद्ध प्रक्रिया की समीक्षा की। इसके साथ साथ एटी एंड सी लॉस, स्मार्ट मीटरिंग, 1912 शिकायत पोर्टल, निवेश मित्र पोर्टल, पीएम सूर्य घर योजना, आरडीएसएस कार्य, बिलिंग एवं राजस्व वसूली सहित कई बिंदुओं की समीक्षा की। इसके बाद एमडी रवीस गुप्ता ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि उपभोक्ताओं की शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण और त्वरित निस्तारण करना सुनिश्चित किया जाए। शिकायतों के निराकरण में देरी क्षम्य नहीं होगी। विद्युत आपूर्ति को दुरुस्त किया जाए। उपभोक्ता 1912 पोर्टल पर शिकायतें करते हैं, उन शिकायतों का शीघ्र से शीघ्र समाधान किया जाए। निवेश मित्र पोर्टल पर लंबित प्रकरणों के समयबद्ध निस्तारण तथा बिलिंग व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने पर जोर दिया। विद्युत चोरी एवं लाइन लॉस को कम करने के लिए अभियान चलाने के निर्देश भी दिए।
प्रबंध निदेशक ने विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि वितरण परिवर्तकों (ट्रांसफार्मरों) की खराबी व उनकी ओवरलोडिंग की समस्या को प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाए। जिनकी मरम्मत आवश्यक है, उन कार्यो को समयबद्ध रूप से पूर्ण कराया जाए, क्योंकि उपभोक्ताओं को बेहतर विद्युत सेवाएं उपलब्ध कराना विभाग की पहली और सर्वोच्च प्राथमिकता है। बैठक में मुख्य अभियंता (वितरण) अशोक कुमार चौरसिया, अधीक्षण अभियंता प्रशांत कुमार, अधीक्षण अभियंता गुलशन गोयल आदि कई विभागीय अधिकारी शामिल रहे। ब्यूरो