मुुुरादाबाद। सिविल लाइंस थानाक्षेत्र के चक्कर की मिलक में सोने की चेन वापस मांगने पर सोमवार रात को मौसेरे भाई ने ई-रिक्शा चालक को गोली मार दी। इस घटना में चालक वहीं लहूलुहान होकर गिर गया। फायरिंग की आवाज सुनकर लोग मौके पर पहुंचे तो हमलावर फरार हो गए। घायल को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां से उसे हालत गंभीर होने पर रेफर कर दिया गया है। इस मामले में पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया है।
सिविल लाइंस के चक्कर की मिलक में नूर आलम उर्फ तोतला (35) पत्नी मुमताज, बेटे अली नूर, बेटी अलीशा और माहिरा के साथ रहता है। नूर आलम ई-रिक्शा चलाकर परिवार का पालन पोषण करता है। नूर आलम के भाई मो. आमिर ने पुलिस को बताया कि एक साल पहले मौसेरे भाई इमरान निवासी चक्कर की मिलक ने नूर आलम से दस हजार रुपये उधार मांगे थे। नकद रुपये न होने के कारण नूर आलम ने पत्नी मुमताज की सोने की चेन उसको दे दी थी। चेन को गिरवी रख कर इमरान ने अपना काम चला लिया था। बार-बार मांगने पर भी इमरान चेन वापस नहीं कर रहा था। सोमवार की रात करीब ग्यारह बजे इमरान के भाई रिहान निवासी मदीना मस्जिद चक्कर की मिलक ने नूर आलम उर्फ तोतला को यह कहकर अपने पास बुला लिया कि वह अपनी चेन ले जाए। जहां पहले से इरफान उर्फ नब्बू, उसका साथी शाहरुख निवासी नवाबपुरा थाना नागफनी भी मौजूद था। शिकायतकर्ता का कहना है कि शाहरुख ने नूर आलम को पीछे से पकड़ लिया था। इसी दौरान रिहान ने इरफान उर्फ नब्बू से कहा कि यह रोज चेन मांगता है। आज इसे चेन ही दे देते हैं। इसी दौरान इरफान उर्फ नब्बू ने नूर आलम को गोली मार दी। फायरिंग की आवाज सुनकर लोग आए तो आरोपी मौके से भाग गए। सूचना मिलने पर पुलिस भी पहुंच गई। परिजन घायल को लेकर जिला अस्पताल पहुंच गए और भर्ती कराया, जहां से हालत गंभीर होने पर नूर आलम को रेफर कर दिया गया। मो. आमिर ने बताया कि नूर आलम को मेरठ स्थित अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सहायक पुलिस अधीक्षक अनिल यादव ने बताया कि इस मामले में तीन लोगों के खिलाफ जानलेवा हमले की धाराओं में केस दर्ज किया गया है। हमलावर आरोपियों की तलाश की जा रही है।