मुरादाबाद। इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद फीस समायोजन और वापसी करने में आनाकानी करने वाले स्कूलों के खिलाफ डीआईओएस ने जांच के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही सभी स्कूलों से फीस और विद्यार्थियों की संख्या का ब्योरा मांगा है।
मुरादाबाद पेरेंट्स ऑफ ऑल स्कूल के पदाधिकारियों ने ज्ञापन देते हुए स्कूलों के नाम सहित शिकायत की थी कि संबंधित स्कूलों में इलाहाबाद हाईकोर्ट, शासनादेश और शिक्षा विभाग के अधिकारियों के आदेश का पालन नहीं किया जा रहा है। स्कूल विद्यार्थियों का 15 फीसदी शुल्क समायोजित नहीं कर रहे हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. अरुण कुमार दुबे ने बताया कि शिकायतों के आधार पर राजकीय इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्यों को जांच अधिकारी बनाया है। यह अधिकारी स्थलीय निरीक्षण कर 29 मई तक साक्ष्य सहित जांच प्रस्तुत करेंगे। उन्होंने विद्यालयों से वर्ष 2019 से 2021 तक कक्षा एक से 12 तक के विद्यार्थियों की कक्षावार संख्या, इन विद्यार्थियों से लिया गया शुल्क, वर्ष 2023-24 में अध्ययनरत विद्यार्थियों की संख्या, जिनका 15 फीसदी शुल्क का समायोजन हुआ है, समायोजन के लिए शेष विद्यार्थी और उनका कब तक शुल्क समायोजन किया जाएगा आदि की जानकारी मांगी है।
इन स्कूलों की जांच करेंगे अधिकारी : बोनी एनी पब्लिक स्कूल की जांच जीआईसी मूंढापांडे के प्रधानाचार्य संजीव सक्सेना, दिल्ली पब्लिक स्कूल की जांच राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय वीरपुर बरियार की प्रधानाचार्य अलका रानी, सेंटमेरी सीनियर सेकेंड्री स्कूल बुद्धि विहार की जांच जीआईसी मानपुर मुजफ्फरपुर की प्रधानाचार्य डॉ. श्वेता पूठिया करेंगी। टाइन टॉट्स स्कूल की जांच राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय हाथीपुर चित्तू के प्रधानाचार्य डॉ. यतेंद्र कुमार सिंह, गोल्डन गेट स्कूल की जांच राजकीय हाईस्कूल बहोरनपुर के प्रधानाचार्य प्रीतम सिंह, सेंटमीरा अकादमी कांशीराम नगर की जांच जीजीआईसी मूढाखेड़ी की प्रधानाचार्य प्रतिभा गुप्ता को सौंपी है। साहू रमेश कुमार गर्ल्स इंटर कॉलेज की जांच राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय नगलिया मशकूला की प्रधानाचार्य स्वदेश कुमारी, स्वरूपी देवी मेमोरियल इंटर कॉलेज लाइनपार की जांच जीआईसी अदलपुर के प्रधानाचार्य डॉ. अरुण सिंह, आकांक्षा विद्यापीठ इंटर कॉलेज मिलन विहार की जांच जीजीआईसी लाइनपार की प्रधानाचार्य डॉ. मुक्ता अग्रवाल करेंगी।