पूर्व भाजपा प्रवक्ता नूपुर शर्मा के बयान के विरोध में जुमे की नमाज के बाद शहर में तीन जगह युवाओं का हुजूम सड़क पर उमड़ पड़ा और नारेबाजी व प्रदर्शन किया। एडीएम सिटी व एसपी सिटी समेत कई अधिकारी प्रदर्शनकारियों को शांत कराने में जुटे रहे।
जामा मस्जिद के पास प्रदर्शनकारियों को खदेड़ने के लिए पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा। डीएम और एसएसपी ने भी प्रभावित इलाके का भ्रमण कर स्थिति का जायजा लिया। दोनों अधिकारियों ने जिले में शांतिपूर्ण माहौल में जुमे की नमाज संपन्न होने तथा किसी तरह का कोई अप्रिय प्रदर्शन न होने का दावा किया।
शहर की जामा मस्जिद में जुमे की नमाज अदा करने के बाद बाद बाहर आए कुछ युवकों ने नूपुर शर्मा के खिलाफ नारेबाजी और प्रदर्शन करना शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारी नूपुर शर्मा को फांसी देने की मांग कर रहे थे। उन्हें देख नमाज पढ़ कर लौट रहे तमाम युवा भी प्रदर्शन में शामिल हो गए। इन लोगों ने आसपास की दुकानों को बंद कराने का भी प्रयास किया। मौके पर मौजूद एडीएम सिटी आलोक वर्मा तथा एसपी सिटी अखिलेश भदौरिया ने प्रदर्शनकारियों को समझाया और जबरन बाजार बंद कराने से रोका।
इसी बीच कुछ प्रदर्शनकारी सपा सांसद एसटी हसन के आवास के पास स्थित चौराहे पर पहुंच गए तथा वहां भी नारेबाजी और प्रदर्शन करना शुरू कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन के अधिकारी वहां भी पहुंचे और प्रदर्शन कर रहे लोगों को समझा कर शांत कराया।
इसी बीच काफी संख्या में प्रदर्शनकारी युवा इंद्रा चौक पर एकत्र हो गए और वहां भी प्रदर्शन करने लगे। यहां भी एडीएम सिटी व एसपी सिटी तुरंत भारी पुलिस बल और ड्रोन कैमरे के साथ मौके पर पहुंचे। वहां भी दोनों अधिकारियों ने आसपास के कुछ संभ्रांत लोगों के साथ मिल कर प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया। काफी मशक्कत के बाद प्रदर्शनकारी माने लौट गए।
पुलिस कुछ राहत लेती कि इसी बीच फिर कुछ युवा जामा मस्जिद के निकट एकत्र होकर प्रदर्शन करने लगे। सूचना मिलने पर एडीएम सिटी, एसपी सिटी, नगर मजिस्ट्रेट, पुलिस क्षेत्राधिकारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। दोनों अधिकारियों ने काफी देर तक प्रदर्शनकारियों को समझा कर घर भेजने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माने।
इस पर पुलिस बल ने हल्का बल प्रयोग कर प्रदर्शनकारियों को बन्ने की पुलिया तक खदेड़ा। इसके बाद जामा मस्जिद के आसपास की सड़क पर कुछ देर के लिए लगभग सन्नाटा सा पसर गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए डीएम शैलेंद्र सिंह व एसएसपी हेमंत कुटियाल भी मौके पर पहुंच कर स्थिति का जायजा लिया और लोगों से शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की।
इन स्थानों पर काफी देर तक बंद रहीं दुकानें
प्रदर्शन के दौरान शहर के जामा मस्जिद, प्रिंस रोड, मकबरा, असालतपुरा तथा फैजगंज क्षेत्र में काफी देर तक काफी दुकानें भी बंद रहीं। बाद में इनमें से कुछ दुकानें दोपहर बाद धीरे-धीरे खुल गईं।
तीन मीडियाकर्मियों से भी की हाथापाई
हाफिज बन्ने की पुलिया के पास प्रदर्शनकारियों की तस्वीर को कैद कर रहे तीन मीडियाकर्मियों के साथ हाथापाई की गई। प्रदर्शनकारियों ने उनके कैमरे व मोबाइल छीनने का प्रयास किया तथा फोटो डीलिट कराए।
नमाज के बाद कुछ नवयुवकों ने प्रदर्शन किया। उनका यह कार्यक्रम पहले से प्रस्तावित नहीं था। शांति व सुरक्षा के दृष्टिकोण से तैनात पुलिस बल ने उन्हें समझाया-बुझाया। जिसके बाद वह लोग मान गए और अपने घर को चले गए। इसमें किसी के खिलाफ कोई कार्रवाई की जानी है अथवा नहीं इसे दिखवाया जा रहा है।
हेमंत कुटियाल, एसएसपी
पूरे जिले में जुमे की नमाज शांति माहौल में संपन्न हुई है। कहीं किसी तरह की कोई अप्रिय स्थिति की सूचना नहीं है। इसके लिए जिले के लोग धन्यवाद के पात्र हैं। शहर में जामा मस्जिद के पास कुछ युवकों ने प्रदर्शन किया था। जिन्हें देखने वहां आसपास के लोग जमा हो गए थे। पुलिस और प्रशासन के लोगों द्वारा समझाने के बाद प्रदर्शनकारी वापस अपने घर चले गए। गंगा जमुनी तहजीब का यह शहर है। यहां के लोगों का हमेशा सहयोग प्रशासन को मिला है और मिल रहा है। जिले के लोगों से अपील है कि वह कानून व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें।
शैलेंद्र कुमार सिंह, जिलाधिकारी