सिविल लाइंस के गांव महलकपुर निजामपुर में बच्चे जिस गोले को गेंद समझकर खेल रहे थे वह फट गया। इसमें एक बालक के हाथ की हथेली उड़ गई और दो बुरी तरह से घायल हो गए हैं। फोरेंसिक एक्सपर्ट ने मौके से जो सैंपल लिए हैं उसमें विस्फोटक आया। पुलिस अफसर इसे देसी बम मान रहे हैं।
महलकपुर निजामपुर महानगर से आठ किलोमीटर दूर है। इस गांव में सुबह को करीब साढ़े आठ बजे उस वक्त हल्ला मचा जब गेंद नुमा गोला अचानक धमाके के साथ फट गया। इस विस्फोट में नसीम के ग्यारह वर्षीय बेटे अजीम के दाहिने हाथ की हथेली उड़ गई। जबकि मुस्तकीम के दो बेटे रिहान (5) और शानू (6) बुरी तरह से घायल हो गए। गांव वाले घायलों को लेकर पहले आसपास के डाक्टरों पर पहुंचे और बाद में नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया।
विस्फोट की जानकारी पाकर फोरेंसिक एक्सपर्ट और पुुलिस अधिकारी गांव में पहुंचे। एसपी सिटी रामसुरेश यादव ने नर्सिंग होम में जाकर घायल बच्चों के परिवार वालों से जानकारी की। परिवार वालों ने कहा कि उन्हें कोई जानकारी नहीं है। तीनों बच्चे गांव में खेल रहे थे। खेलते वक्त ही घायल हुए हैं।
एसपी सिटी रामसुरेश यादव ने बताया कि बच्चे जिसे गेंद समझकर खेल रहे थे वह देसी बम था। पूछताछ में पता चला है कि बच्चों को यह बम एक खंडहर नुमा मकान के पास कूड़े के ढेर से मिला था। अजीम ने इसे हाथ में लेकर दीवार पर दे मारा। दीवार पर लगते ही विस्फोट हो गया था। अब यह सुतली बम कहां से आया इसकी पड़ताल की जा रही है। पुलिस के साथ ही खुफिया एजेंसियों को भी जांच में लगा दिया गया है।