रोडरेज के बाद रविवार रात को मझोला थाने पर पथराव करने के मामले में 150 लोगों के खिलाफ 7 क्रिमिनल लॉ अमेंडमेंट एक्ट, बलवा करने, धमकी, मारपीट और जानलेवा हमले की रिपोर्ट सोमवार को दर्ज कर ली गई है । इनमें सात आरोपी नामजद हैं, जिनमें दो बिल्डर और एक ठेकेदार, दो बजरंग दल के पदाधिकारी हैं।
एसएचओ मझोला विकास सक्सेना ने बताया कि एसएसपी जे रविंदर गौड के निर्देश पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। जिसमें वादी दरोगा कालेंद्र ने दोनों पक्षों को आरोपी बनाया गया है। एक पक्ष से हरथला निवासी बिल्डर नईम, नफीस और दूसरे पक्ष से सिविल ठेकेदार नीरज निवासी असमोली जिला संभल हाल पता बुद्धि बिहार और उसके साथी राजीव, रवि, बजरंग दल के पदाधिकारी गौरव भटनागर और अंकुर को नामजद किया गया है। आरोप है कि रोडरेज के बाद दोनों पक्षों ने आपस में मारपीट की। एक दूसरे पर जानलेवा हमला किया गया। इसके बाद थाने में समझौते के दौरान पथराव हुआ। जिसमें एक कार के शीशे तोेडे़ गए। तीन वाहनों को क्षतिग्रस्त किया गया है। दोनों पक्षों से कुल डेढ़ सौ लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है, सात नामजद के अलावा बाकी अज्ञात हैं। उनकी पहचान के प्रयास किए जा रहे हैं। एसएचओ ने बताया कि आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई है। जल्द ही उनको गिरफ्तार किया जाएगा।
एक दूसरे के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने से किया इंकार
मुरादाबाद। एसएसपी की सख्ती के बाद रविवार को हाईवे पर रोडरेज के बाद मारपीट और लूटपाट के संबंध में पुलिस ने दोनों पक्षों से सोमवार को रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए पुलिस ने कहा था। दोनों पक्षों ने एक दूसरे के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने से इंकार कर दिया है। दोनों पक्षों ने बताया कि उनका आपस में समझौता हो गया है। यह समझौता रविवार रात को बवाल के बाद मझोला थाने में पुलिस ने ही दोनों पक्षों के बीच करवाया था।