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आयुष्मान के नाम पर फर्जीवाड़ा, कैंप लगाकर भरवाए जा रहे फर्जी फॉर्म, वसूले पैसे

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आयुष्मान भारत योजना में चयनित लाभार्थियों के गोल्डन कार्ड बनाए जाने के कैंपों की आड़ में फर्जी कैंप लगाकर फॉर्म भरवाने का मामला उजागर होने से स्वास्थ्य विभाग एवं प्रशासन में खलबली मची है। कुछ युवकों ने शनिवार को दसवा घाट में फर्जी कैंप लगाकर आयुष्मान के फॉर्म भरवाने के एवज में सैकड़ों लोगों से दो-दो सौ रुपये वसूल लिए। फर्जी कैंप का खुलासा होने पर लोगों ने जमकर हंगामा किया। स्थानीय पार्षद ने मौके पर पहुंचकर करीब 50 लोगों से वसूले पैसे वापस कराए। इसी बीच युवक कैंप समेटकर फरार हो गए।
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आयुष्मान पखवाड़े के अंतर्गत जनसेवा केंद्रों पर आयुष्मान कार्ड बनाए जा रहे हैं। जबकि नए फॉर्म भरने की प्रक्रिया बंद है। जिन लोगों का आयुष्मान योजना में चयन नहीं हुआ है वो पूछताछ के लिए स्वास्थ्य विभाग और जनसेवा केंद्रों के चक्कर काट कर रहे हैं। इसी का फायदा उठाकर शनिवार को दसवा घाट में कुछ युवकों ने फर्जी कैंप लगा दिया। युवक आयुष्मान योजना के बैनर और फ्लैक्स लेेकर पहुंचे थे। दसवा घाट में रमेश टेंट हाउस के पास दोपहर 12 बजे कैंप लगा दिया। कैंप लगते ही आसपास के दर्जनों लोग फॉर्म भरवाने पहुंच गए। युवकों ने एक एक फॉर्म भरने के एवज में दो-दो सौ रुपये वसूले। दर्जनों युवकों से वसूली की खबर से पार्षद विनय मौके पर पहुंचे।

उन्होंने फार्म भरवाने के लिए पूछताछ की तो युवक सकपका गए। पार्षद विनय ने आयुष्मान की शिकायत प्रकोष्ठ की प्रभारी सुगंधा रस्तौगी को फोन कर सूचना दी। सुगंधा ने आयुष्मान फार्म भरवाए जाने से इनकार कर दिया। इसके बाद ही हंगामा हो गया। पार्षद ने करीब 50 लोगों के पैसे वापस कराए। लोगों की बढ़ती भीड़ और आक्रोश देख युवक कैंप समेटकर फरार हो गए। इसकी शिकायत डीएम राकेश कुमार और स्वास्थ्य विभाग के अपर एसीएमओ से की गई। स्वास्थ्य विभाग ने जांच शुरू कर दी है।
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- दसवा घाट स्थित रमेश टेंट हाउस में कुछ युवकों ने कैंप लगाया था। कैंप में स्थानीय लोगों से आयुष्मान कार्ड बनवाने के लिए फार्म भरवाए जा रहे थे। इसके एवज में दो-दो सौ रुपये वसूले जा रहे थे। जबकि नए फॉर्म भरने की वेबसाइट साइड बंद है। सूचना पर मौके पर जाकर कैंप बंद करवा दिया। दर्जनों लोगों को उनके दो-दो सौ रुपये वापस करवाए। इसकी सूचना आयुष्मान जिला स्तरीय शिकायत कमेटी की प्रभारी सुगंधा रस्तौगी को दी गई। - विनय, पार्षद वार्ड छह

- मेरी दुकान के दोपहर 12 बजे दो युवक आए। युवकों ने आयुष्मान कार्ड के फॉर्म भरवाने के लिए कैंप लगाने की बात कही। जनहित का मामला होने के कारण अपनी दुकान के आगे कैंप लगाने की अनुमति दे दी। युवक आयुष्मान योजना की फ्लैक्सी और बैनर लेकर आए थे। बैनर और फ्लैक्सी लगने के बाद आसपास के लोग आयुष्मान के फार्म भरवाने पहुंच गए। एक घंटे बाद ही फर्जी कैंप की जानकार मिली और हंगामा हो गया। लोगों के पैसे लौटाने के बाद युवक भाग गए। - मोनू सैनी, दुकान स्वामी

- आयुष्मान योजना के फॉर्म भरने की प्रक्रिया बंद है। जन सेवा केंद्रों पर आयुष्मान के कार्ड बनवाए जा रहे हैं। दसवा घाट में स्वास्थ्य विभाग की ओर से फॉर्म भरवाने का कोई भी कैंप नहीं लगाया गया। फॉर्म भरवाने का कैंप फर्जी था। स्थानीय लोगों की शिकायत पर जिलाधिकारी ने जांच के आदेश दिए। - डॉ. डीके प्रेमी, नोडल अधिकारी

- आयुष्मान के चयनित लाभार्थियों के जनसेवा केंद्रों पर आयुष्मान कार्ड बनवाए जा रहे हैं। कार्ड बनवाने के लिए तीस रुपये शुल्क निर्धारित है। कार्ड बनवाने का इससे अधिक शुल्क नहीं वसूला जा सकता है। - राकेश कुमार, जिलाधिकारी
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