मुरादाबाद। ज्ञान भारतम मिशन के तहत चलाए जा रहे राष्ट्रीय पांडुलिपि सर्वेक्षण के लिए गठित की गई जिला स्तरीय समिति की बुधवार को विकास भवन में सीडीओ की अध्यक्षता में बैठक की गई। जिसमें तय किया गया कि खंड विकास अधिकारी अपने अपने क्षेत्र में आने वाले शोधशालाओं, पुस्तकालयों, मंदिरों, मस्जिदों, मठों, पुराने विद्यालयों की सूची उपलब्ध कराएंगे, ताकि वहां उपलब्ध पाण्डुलिपियों को स्कैन किया जा सके।
मुख्य विकास अधिकारी मृणाली अविनाश जोशी ने कहा कि जिले के विभिन्न शोधशालाओं, पुस्तकालयों, मंदिरों, मस्ज़्दिों, मठों, पुराने विद्यालयों आदि में जहां भी पाण्डुलिपियां संग्रहित हैं, उनको ज्ञान भारतम मिशन ऐप के माध्यम से स्कैन करके संकलित किया जाना है। समिति के सदस्य मनोज रस्तोगी, मोहम्मद आसिफ हुसैन, ब्रिजेश वशिष्ट, डॉ. विश्वास शर्मा ने राष्ट्रीय पाण्डुलिपि सर्वेक्षण कार्य की रणनीति पर चर्चा की।
इसमें पाण्डुलिपि प्राप्त होने वाले संभावित स्थानों के संबंध में विमर्श किया। फिर तय किया गया कि सर्वेक्षण का तत्काल शुरू किया जाए। सभी खंड विकास अधिकारियों से कहा गया कि वह अपने विकास खंड में मौजूद प्राचीन मंदिरों, मस्जिदों, मठों, विद्यालयों व अन्य पाण्डुलिपि संभावित स्थलों को चिह्नित कर जिला स्तरीय समिति को बताएं, ताकि उनका आकलन कर ज्ञान भारतम मिशन एप के माध्यम से सर्वेक्षण में शामिल किया जा सके।
बैठक में जिला विकास अधिकारी डीबी पाठक, डीसी मनरेगा आरपी भगत, जिला विद्यालय निरीक्षक देवेंद्र कुमार पांडेय सहित कई अधिकारी व सदस्य मौजूद रहे।