फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अखिलेश- आजम की मुलाकात: अंदर बातचीत... समर्थक बाहर करते रहे इंतजार, सपा नेता बोले- सब कुछ ठीक

Wed, 08 Oct 2025 03:06 PM IST
विमल शर्मा संवाद न्यूज एजेंसी, रामपुर

सार

रामपुर में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और वरिष्ठ नेता आजम खां के बीच करीब दो घंटे तक मुलाकात हुई। अखिलेश ने कहा कि आजम खां सपा के सबसे पुराने नेताओं में से हैं और आगे भी ऐसी मुलाकातें जारी रहेंगी। उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार ने आजम खां के परिवार को निशाना बनाया।
विज्ञापन
रामपुर में सपा नेता अखिलेश यादव ने की आजम खां से मुलाकात - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

उत्तर प्रदेश के रामपुर में सपा प्रमुख अखिलेश यादव और वरिष्ठ नेता आजम खां की करीब दो घंटे तक चली बैठक ने प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर हलचल पैदा कर दी है। यह मुलाकात उस समय हो रही है जब एक दिन बाद बसपा की रैली होने वाली है।

विज्ञापन


मुलाकात के बाद अखिलेश यादव ने कहा कि आजम खां समाजवादी पार्टी के सबसे पुराने और अनुभवी नेताओं में से एक हैं। उन्होंने कहा कि उनके साथ हुई यह बैठक सकारात्मक रही। यह भी स्पष्ट किया कि आगे भी इस प्रकार की मुलाकातों और बैठकों का दौर जारी रहेगा, ताकि पार्टी में संवाद और रणनीति को और मजबूत किया जा सके।

मीडिया से बातचीत में अखिलेश यादव ने आजम खां और उनके परिवार पर लगे मामलों को लेकर कई गंभीर दावे और आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि भाजपा ने आजम खां के परिवार को राजनीतिक रूप से निशाना बनाया है।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार इस परिवार पर इतने मुकदमे दर्ज करवा चुकी है कि इसे गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज कराने की कोशिश की जा रही है। अखिलेश यादव ने कहा कि इस प्रकार की कार्रवाईयों से पीडीए (पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक) समुदाय के लोगों में नाराजगी और असंतोष बढ़ रहा है।

सपा प्रमुख ने आगे कहा कि पार्टी की रणनीति स्पष्ट है और समाजवादी पार्टी आगे भी अपने पुराने और अनुभवी नेताओं के मार्गदर्शन में कार्य करेगी। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार की नीतियों पर भी कटाक्ष करते हुए कहा कि भाजपा की राजनीति केवल व्यक्तिगत और परिवार विशेष को निशाना बनाने तक सीमित हो गई है। 

जबकि जनता की समस्याओं और विकास पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इस मुलाकात और बयान के बाद राजनीतिक गलियारे में चर्चाओं का नया दौर शुरू हो गया है। सपा कार्यकर्ता इसे पार्टी के लिए सकारात्मक संदेश मान रहे हैं और कई लोग इसे आगामी चुनावी रणनीति का संकेत भी बता रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें