ठाकुरद्वारा। सुरजननगर बिजली घर पर काम करने वाले संविदा विद्युत कर्मी की मौत के मामले में सोमवार को जेई ने कोतवाली पहुंचकर अपने बयान दर्ज कराए। जबकि संविदा विद्युत कर्मी के परिजनों को दो माह बाद भी विद्युत विभाग से मुआवजा नहीं मिल सका है। बिजली घर पर काम करने वाले संविदा विद्युत कर्मी सर्वेश कुमार उर्फ छोटू की दो मई 2026 को गांव दुल्हापुर की मंडेया के पास शट डाउन के दौरान अचानक लाइन पर काम करते समय अचानक विद्युत आपूर्ति शुरू होने पर करंट से झुलस कर मौत हो गई थी। इस मामले में बिजलीघर के जेई प्रेम प्रकाश आदि के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। विभाग ने जेई, एसडीओ को निलंबित कर दिया गया था। घटना की पुलिस जांच कर रही है लेकिन दो माह बाद भी जांच पूरी नहीं हो सकी है। सोमवार को आरोपी जेई प्रेम प्रकाश ने कोतवाली पहुंचकर अपने बयान दर्ज कराए। जेई ने कहा कि घटना के समय वह बिजली घर पर नहीं थे और अस्पताल में भर्ती थे। कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि घटना की विवेचना अभी चल रही है। उधर मृतक सर्वेश के परिजनों को अभी तक विभाग की ओर से मुआवजा भी नहीं मिल सका है। इस घटना के बारे में अधिशासी अभियंता राहुल सिंह ने बताया कि आरोपी जेई और एसडीओ का लखनऊ तबादला हो गया है। उनका कहना है कि मृतक सर्वेश के परिजनों ने अभी तक विभाग के 10 लाख रुपये का मुआवजा लेने के लिए जरूरी कागजात उपलब्ध नहीं कराए हैं। इस संबंध में लिखित रूप से मृतक के परिजनों को कई बार पत्र भी भेज चुके हैं। उनके द्वारा जरूरी कागजात उपलब्ध नहीं कराए जा रहे हैं। उधर सर्वेश के पिता शिव कुमार का कहना है कि वे विद्युत विभाग को डेढ़ माह पहले मुआवजे के लिए कागजात उपलब्ध करा चुके हैं लेकिन अभी तक मुआवजा नहीं मिला है।