कुंदरकी। सरकार के कामों में सहयोग करके कुंदरकी ब्लॉक के ग्राम लालपुर गंगवारी के लोगों ने अपनी जिम्मेदारियों का स्वयं बोझ उठाकर नई मिसाल पेश की है। 10 मीटर टूटे रास्ते को ग्राम पंचायत ने धनराशि के अभाव में ठीक करवाने में असमर्थता जताई तो ग्रामीणों ने स्वयं ही इस रास्ते को ठीक कराने की पहल शुरू कर दी और सड़क को पक्का बनवा दिया।
गांव के समाजसेवी डॉ.मुहम्मद जावेद ने सामुदायिक सहभागिता से गांव का रास्ता ठीक करने का बिगुल बजाया जिसके बाद जागरूक लोग आगे आए और जन सहयोग से गांव के प्रमुख रास्ते के लिए सीमेंट की व्यवस्था की, किसी ने बजरी बजरफुट व्यवस्था की तो कई लोहे का सरिया लाया तो कोई स्वयं ही श्रमदान करने के लिए तैयार हो गया। छुट्टी के दिन रविवार को अभियान ने रंग दिखा दिया और वर्षों से कीचड़ और गंदगी का पर्याय बने रास्ते को स्वच्छ और पक्के रास्ते में बदला दिया गया। डॉ मुहम्मद जावेद बताते है कि खराब रास्ते से लालपुर गंगवारी के अलावा आसपास के कई गांवों के लोगों का आना जाना है। अक्सर लोग टूटे और कीचड़ युक्त रास्ते पर निकलते समय परेशान होते रहते थे।
एक बार हद तो तब हो गई जब एक नवविवाहिता जोड़े की बाइक यहां फिसल गई और दोनों गिर गए। मोहल्ले वालों ने नवविवाहित जोड़े को उठाया और उनकी मदद की। उस समय नव विवाहित जोड़े से ज्यादा मोहल्ले और गांव वालों ने शर्मिंदगी महसूस की और ग्रामीणों ने जन सहयोग से रास्ता ठीक कराने का निर्णय लिया। रास्ता ठीक होने से मस्जिद, मंदिर और स्कूलों को जाने वाले पर कीचड़ नहीं आएगी और अब किसी की बाइक नहीं फिसलेगी। इस अभियान में प्रमुख रूप से साबिर हुसैन, लाल सिंह, मुहम्मद शावेज़, प्रमोद कुमार, विनोद कुमार, अल्वी रजा, मुहम्मद नावेद, हसीब हुसैन, शाहिद हुसैन, आदि ने सहयोग प्रदान किया।