बेसिक, माध्यमिक शिक्षा, मदरसा समेत अन्य बोर्ड के संचालित समस्त विद्यालयों को यू-डायस पोर्टल पर विद्यालय को भौतिक संसाधनों के साथ ही शिक्षक और बच्चों की संख्या, नाम, योग्यता से लेकर संपूर्ण विवरण अपलोड किया जाना है। इसे लेकर विभाग की ओर से बार-बार दिशा निर्देश भी जारी किया जा रहा है। गत वर्ष जिले में बेसिक शिक्षा विभाग, माध्यमिक शिक्षा, मदरसा शिक्षा बोर्ड व अन्य बोर्ड के अंतर्गत संचालित 4018 स्कूलों ने 709413 विद्यार्थियों का नामांकन दिखाया था। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि ऐसा माना जाता है कि प्रति वर्ष विद्यार्थियों के नामांकन में बढ़ोतरी होती है, लेकिन इस वर्ष अभी तक 647341 विद्यार्थियों का डाटा ही अपलोड हो सका है। जिले के 237 स्कूलों ने 62072 विद्यार्थियों का विवरण ही दर्ज नहीं किया है। जिले में 141 मदरसे और 96 स्कूलों का विवरण दर्ज नहीं हो सका है। जबकि विवरण दर्ज करने के लिए स्कूलों को दस मार्च तक का समय दिया गया था।
पैन नंबर में होती है पूरी जानकारी
विभागीय अधिकारियों के अनुसार पोर्टल पर विवरण दर्ज करने के बाद संबंधित विद्यार्थी को एक पैन नंबर दिया जाता है। इसी में विद्यार्थी की पूरी जानकारी होती है। इसी नंबर के आधार पर टीसी दी जाएगी। इसलिए जब तक विद्यार्थी का विवरण पोर्टल पर नहीं होगा तो उसे नंबर नहीं मिलेगा और बिना नंबर के टीसी नहीं काटी जाएगी।
- जिन विद्यालयों ने छात्रों की जानकारी पोर्टल पर नहीं दी है, उन्हें नोटिस जारी किए जा रहे हैं। इसके साथ ही मदरसों के लिए जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी से भी अनुरोध किया गया है। - अजीत कुमार, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी