गुलाबबाड़ी स्थित नगर निगम स्टोर में औचक निरीक्षण पर मेयर डॉ. विनोद अग्रवाल और नगर आयुक्त पहुंचे तो अव्यवस्था की पोल खुली। स्टोर पर मेयर डॉ. विनोद अग्रवाल गाड़ियों के पीछे शौच देखकर वह भड़क गए। बोले - प्रधानमंत्री के स्वच्छता अभियान में पूरा शहर साफ करते घूम रहे हो। पहले अपने घर को तो साफ करो। उनकी नाराजगी के बाद आए सफाई कर्मचारी को देखकर बोले - ये कैसे ढीला सफाई कर्मचारी है। जिसके कपड़े भी साफ सुथरे हैं। मैं नहीं मानता ये सफाई करता होगा। अधिकारियों के सख्त रुख के बाद सफाई कर्मचारी निरीक्षण के दौरान अधिकारियों के आगे-आगे कूड़ा उठाते ही नजर आए।
खुले में रखे सामान को देखकर मेयर ने कहा कि स्टोर में 17 लाख रुपये की लागत से शेड बनवाया जाएगा, ताकि सामान सुरक्षित रखा जा सके। करीब एक हजार हैंगिंग डस्टबिन स्टोर में पड़े देखकर नगर आयुक्त ने निर्देश दिए कि मुख्य बाजारों में हर 100 मीटर पर डस्टबिन रखे जाए। सूखे और गीले कूड़े के इन डस्टबिन को लगाने के लिए सात दिन का समय दिया गया है। मेयर ने बताया - 400 नये बड़े डस्टबिन भी मंगवाए जा रहे हैं।
कंपनी नहीं कर पा रही तो दूसरी को देंगे टेंडर
डोर टु डोर कूड़ा कलेक्शन की 12 गाड़ियों को स्टोर में खड़ा देखकर नगर आयुक्त ने नाराजगी जाहिर की। उन्होेंने कहा - अगर निजी कंपनी ज्यादा वार्ड का बोझ नहीं उठा पा रही तो किसी अन्य कंपनी को कूड़ा उठाने का टेंडर दिया जाए। मशीन खड़े-खड़े कंडम नहीं होने चाहिए।
स्टोर में रखा स्क्रैप निस्तारित होगा
स्टोर में बड़े पैमाने पर स्क्रैप देखकर अधिकारी भड़के। उन्होंने तत्काल मशीनरी, जंग लगे स्ट्रक्चर और गाड़ियों की अलग-अलग सूची तलब की। स्टोर प्रभारी को चार दिन का समय दिया गया है। आरटीओ कार्यालय से अधिकारियों को बुलाकर बेचने लायक मशीनों की वैल्यूएशन कराने को कहा। सहायक नगर आयुक्त गंभीर सिंह ने कहा - स्टोर कार्यालय में दो कंप्यूटर और स्टाफ लगाकर सामान के मेंटीनेंस पर ध्यान दिया जाएगा।