मिलक/टांडा। हजरत पैगंबर मोहम्मद साहब की यौमे पैदाइश पर ईद मिलादुन्नब का जश्न मना। हाईवे पर तिरंगे के साथ विशाल जुलूस निकला। नगर एवं क्षेत्र में हजरत पैगम्बर मोहम्मद साहब की यौमे पैदाइश पर ईद मिलादुन्नबी धूमधाम से मना। इसको लेकर घरों और मस्जिदों पर सजावट एवं रोशनी की गई है।
हाईवे पर नवदिया मोड से तीन बत्ती चौराहे तक सजावट की गई है। बुधवार को नवदिया मोड़ के पास नया गांव से ईद मिलादुन्नबी का जुलूस शुरू हुआ। जिसमें नसीराबाद, रोरा खुर्द, नया गांव, जालिफनगला, रोरा कला, नवदिया, धर्मपुरा, क्योरार से आए जुलूस शामिल हुए।
जुलूस हाईवे से तीन बत्ती चौराहे तक पहुंचा जहां से हजरत नन्हे मियां की दरगाह पर हाजिरी लगाकर वापस लौट गया। सजावट में तिरंगे और जुलूस में शामिल थे। जुलूस को लेकर जश्न में लोग डूबे हैं। जुलूस के दौरान जगह-जगह छबीले और लंगर लगे।
उपजिलाधिकारी मनोज कुमार श्रीवास्तव, तहसीलदार अशोक कुमार सिंह, कोतवाली प्रभारी रवि कुमार पूरे समय यहां पर डेरा डाले रहे। भैंसोड़ी, खातानगरिया समेत कई स्थानों पर जुलूस धूमधाम से जुलूस निकले।
टांडा में ईद मिलादुन्नबी मनाई गई। नगर के निकटवर्ती गांव बादली स्थित मदरसा जामिया हजरत उमर के प्रबंधक के नेतृत्व में ईद मिलादुन्नबी के मुबारक मौके पर धूमधाम से जुलूस ए मोहम्मदी निकाला गया। निकाले गए जुलूस ए मोहम्मदी में मदरसे के छात्र तथा ग्राम बादली और आसपास के गांव के लोग जुलूस में शामिल हुए।
इससे पूर्व गांव बादली स्थित मक्का मस्जिद में नवाजे फर्ज के बाद जलसा ए मिलाद किया गया। जिसमें प्रधानाध्यापक मुफ्ती मेहंदी हसन ने खिताब करते हुए बताया कि जब नबी की आमद हुई मक्का शरीफ में खुशी की लहर दौड़ गई थी। नबी ने अमन का पैगाम दिया तथा बुराइयों से रोका। औरतों को नबी ने खास सम्मान दिया।
जुलूस मक्का मस्जिद से सुबह 8 बजे शुरू होकर नैनीताल हाईवे होते हुए मदरसा जामिया हजरत उमर पहुंचा। इसके अलावा गांव धीरज नगर, जालपुर, चापट आदि गांवों से लोगो की भारी संख्या में जुलूस आए। मदरसे पर क्षेत्र के गांव से आए जुलूसो का मदरसा प्रबंधन ने इस्तकबाल किया। इस मौके पर मौलाना मोहम्मद हनीफ प्रबंधक जामिया हजरत उमर ने प्रकाश डालते हुए कहा कि पैगम्बर हजरत मोहम्मद पूरी दुनिया के रहनुमा बनकर आए थे। उन्होंने समस्त मानव जाति को अच्छाई के रास्ते पर चलने के लिए प्रेरित किया था।