कांठ। प्रदेश सरकार के द्वरा अवैध घोषित किए जाने के बाद भी लेखपालों की हड़ताल जारी है। इसे ले अब प्रशासन सख्त हो गया है। कांठ तहसील के 16 परिवीक्षाधीन लेखपालों को बर्खास्तगी का लोटिस दिया गया है। तीन में संतोषजनक जवाब न दिए जाने पर स्वत: ही बर्खास्तगी मान ली जाएगी।
लेखपालों की हड़ताल से क्षेत्रवासी परेशान हैं। आय, जाति, निवास आदि प्रमाणपत्रों के लिए दिए गए आवेदनपत्रों के ढेर लग गई हैं। प्रतियोगी परीक्षा में भाग लेने के लिए जाने वाले छात्रों को भी प्रमाण पत्र प्राप्त नहीं हो रहे हैं। इसके अलावा अमलदरामद, विरासत आदि के कार्य भी जहां के तहां रुक गए हैं। मुख्यमंत्री ने हड़ताली लेखपालों के बस्ते जमा करा लिए जाने को कहा था। बढ़ती जा रही परेशानी को देखते हुए अब प्रशासन सख्त हो गया है। कांठ तहसील के आनंद कुमार सिंह, रूबी रानी अंकित कुमार, भूपेन्द्र कुमार, संदीप कुमारयादव, सर्वेश कुमार, अभिषेक चौहान, लोकेन्द्र सरन, योगेन्द्र सिंह,विनय कुमार, जहिरूद्दीन, मौहम्मद रिजवान खान, पुष्पराज सिंह, सौरभ चौधरी, सचिन कुमार, कुमारी संस्कृति पाठक को नोटिस जारी किया गया है। नोटिस का जबावतीन दिन में न देने पर बर्खास्तगी मान ली जाएगी।