मिलक में पुलिस को मृत व्यक्ति से शंतिभंग का डर
मिलक (रामपुर)। योगी राज में पुलिस कितनी लापरवाह और संवेदनहीन है कि उसको शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए गांव में कांवड़ भ्रमण के दौरान मरे हुए ग्रामीण से शांतिभंग का डर सता रहा है। जी हां ऐसी ही रिपोर्ट खजुरिया पुलिस ने एसडीएम को भेजी थी। जिस पर एसडीएम के यहां से जारी हुए नोटिस का तामील के दौरान खुलासा हुआ है। तहसीलदार की जांच रिपोर्ट में गलत रिपोर्ट भेजने की पुष्टि हुई है।
तहसील क्षेत्र का चैनपुर गांव थाना खजरिया क्षेत्र में आता है। जहां पर कांवड़ भ्रमण को लेकर शांति भंग की आशंका के तहत खजुरिया पुलिस ने एसडीएम कोर्ट में निरोधात्मक कार्रवाई के लिए 98 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट भेजी थी। एसडीएम डा. ज्योति गौतम ने दोनों पक्षों के 98 लोगों को मुचलका पांबद कराने को नोटिस जारी किया। तब पुलिस की चौकाने और लापरवाही वाली रिपोर्ट की बात सामने आई। जिसमें दिला हुसैन की करीब चार साल पहले मुत्यु हो चुकी है। पुलिस ने हुसैन के नाम के साथ कई साल पहले गांव से गए हुए लोगों और शारीरिक शिथिलता और पैरालाईसिस पीड़ित के नाम शामिल करके आनन-फानन में 17 जुलाई को एसडीएम कोर्ट भेजी थी। मामला एसडीएम के संज्ञान में आया। तब तहसीलदार अशोक कुमार सिंह को जांच सौंपी गई। जिसमें पुलिस की संवेदनहीन रिपोर्ट भेजने की पुष्टि हुई।