आंबेडकर जयंती पर शनिवार को प्रमुख राजनीतिक दलों ने अपने-अपने स्तर से आयोजन किए। इस दौरान खुद को डा. आंबेडकर के सिद्धांतों का उत्तराधिकारी बताने और दूसरों बाबा साहब के सिद्धांतों को गंभीरता से न लेने का आरोप लगाया। चुनावी साल में राजनीतिक दलों का आंबेडकर प्रेम कुछ ज्यादा ही जाग रहा है। इस बार सभी दलों में एक-दूसरे से ज्यादा जोर-शोर से जयंती मनाने की होड़ रही। दरअसल बाबा साहब के बहाने राजनीतिक दलों का निशाना दलित मतदाताओं पर रहा। अंबेडकर प्रेम दिखाकर राजनीतिक दल खुद को दूसरों से ज्यादा दलित हितैषी जताने में जुटे रहे। सपा, बसपा, कांग्रेस और भाजपा नेताओं ने सबसे पहले अंबेडकर पार्क में डा. आंबेडकर की मूर्ति पर माल्यार्पण किया और फिर अपने पार्टी कार्यालयों पर गोष्ठियों का आयोजन किया। इस मौके पर दलितों के हित में अपनी पार्टियों के किए गए कार्यों को गिनाया गया।
बसपा -
बसपा नेताओं ने सुबह को आंबेडकर की मूर्ति पर माल्यार्पण किया। इसके बाद पाकबड़ा स्थित मंडल कार्यालय पर पहुंचे। वहां पर बाबा साहब के समाज और राष्ट्र के लिए किए गए योगदान को याद किया गया। बसपा के जोन कोआर्डिनेटर गिरीश कुमार ने कहा कि दलितों के सच्चे मसीहा बाबा भीमराव आंबेडकर ही थे। उनके संविधान से ही दलितों को सम्मान से जीने का अधिकार मिला है। आज जरूरत बाबा साहब के तीनों सिद्धांतों शिक्षित बनों, संगठित रहो और संघर्ष करो का पालन करने की जरूरत है। समाज को वोट बैंक के रूप में प्रयोग करने वालों से सावधान रहने की जरूरत है। इस मौके पर राहुल पासा, अरुण कुमार, रणविजय सिंह, पूर्व मंत्री अकीलुर्रहमान, हाजी अकबर और मुन्ना अल्वी आदि ने भी बाबा साहब के योगदान की चर्चा की।
सपा -
समाजवादी पार्टी के जिला व महानगर संगठन के पदाधिकारियों ने सुबह अंबेडकर पार्क में माल्यार्पण किया। उसके बाद पार्टी कार्यालय पर गोष्ठी आयोजित की गई। जिलाध्यक्ष राजीव सिंहल ने कहा कि आंबेडकर किसी व्यक्ति का नाम नहीं है। यह एक मिशन है, जिसकी उतनी ही जरूरत आज भी है, जितनी पचास साल पहले थी। दलितों को सामाजिक समरूपता में साथ लाना हो या फिर देश के संविधान का निर्माण करना। बाबा साहब ने देश को ऐसी ताकत दी, जिससे आज तक एकता और भाईचारा कायम है। उन्होंने कहा कि सपा ही डा. अंबेडकर के सिद्धांतों को सही अर्थों में मानने वाली है। इस मौके पर मौजूद लोगों को हलुआ और मिठाई का वितरण किया गया। वरिष्ठ सपा नेता बाबर खां, पूर्व विधायक सौलत अली, अजीजुर्रहमान, समरपाल सिंह, हाजी मन्नू कुरैशी, धर्मेद्र यादव आसिफ और सरजात आलम आदि मौजूद रहे।
कांग्रेस -
कांग्रेस नेताओं ने बाबा साहब का 127 वां जन्म दिन मनाने की शुरूआत अंबेडकर पार्क में माल्यार्पण से शुरू किया। उसके बाद जिला कार्यालय पर गोष्ठी आयोजित की गई। इस मौके पर जिलाध्यक्ष डा. एपी सिंह ने कहा कि बाबा भीमराव आंबेडकर आज होते तो बहुत दुखी होते। उनके सिद्धांतों को राजनीतिक दल अपने स्वार्थ के अनुसार तोड़मरोड़ रहे हैं। बाबा साहब का नाम चुनाव जीतने का आधार बना लिया है। उनका नाम लेकर दलितों को अपने पक्ष में करने का प्रयास किया जाता है और पूरे साल दलितों को परेशान भी किया जाता है7 उन्होंने कहा कि कांग्रेस न तो दलितों का उत्पीड़न होने देगी और न ही बाबा साहब के सिद्धांतों से खिलवाड़ बर्दास्त करेगी। इस मौके पर महानगर अध्यक्ष अनुभव मेहरोत्रा, पूर्व विधायक फूल कुंवर, अजय सोनी, मनोज कुमार, प्रेम तोमर, फइम चौधरी, गंगाशरण शर्मा राजेश पाल और गंगाराम शर्मा आदि ने बाबा साहब के जीवन पर प्रकाश डाला।
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भाजपा -
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भाजपा ने आंबेडकर जयंती सेक्टर पर मनाई। पंचायती राज मंत्री भूपेंद्र सिंह व शहर विधायक रितेश गुप्ता, महानगर अध्यक्ष महेंद्र सिंह ने भोला की मिलक पर आयोजित गोष्ठी में दलितों के हितों की रक्षा करने के संकल्प के साथ जयंती बनाई। इस मौके पर भाजपा की केंद्र और प्रदेश सरकार द्वारा दलितों के हित में किए गए कार्यों का वर्णन कर पार्टी को दलितोत्थान की सबसे बड़ी हितैषी बताया गया। सांसद सर्वेश कुमार और एमएलसी जयपाल सिंह व्यस्त ने पंचायत भवन सभागार में आयोजित कार्यक्रम में बाबा साहब के सिद्धांतों की बिंदुवार चर्चा की गई। मेयर विनोद अग्रवाल ने प्रभात मार्केट में डा. भीमराव आंबेडकर जयंती मनाई। इस मौके पर बाबा साहब के सिद्धांताें और उनकी मौजूदा समय में उपयोगिता पर विस्तार से चर्चा की गई। मेयर ने कहा कि भाजपा दलितों के कल्याण की हितैषी होने के साथ ही उनको शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और सामाजिक एकता की मुख्यधारा में साथ लेकर चलने वाली है। जिलाध्यक्ष हरीओम शर्मा, अजीम पाशा, अहसान फारुखी, अकरम, इरशाद, सगीर अहमद आदि ने विचार व्यक्त किए। ....
आप कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में मौजूद रहकर बाबा साहब के सिद्धांतों पर चलने का आहवान किया। पार्टी कार्यालय पर जबर सिंह, अनिल विश्नोई, उस्मान, हसीन अहमद, दीपक कश्यप और सुनील चौधरी आदि ने बाबा साहब के जीवन पर प्रकाश डाला।