कुंदरकी (मुरादाबाद)। मौसमी बारिश में देरी होने से धान की रोपाई का कार्य भी प्रभावित है। जिसके चलते किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अगर धान की रोपाई में देरी होती है तो इसका सीधा असर धान की पैदावार पर पड़ सकता है। कुछ किसानों ने तो अपने निजी नलकूप के माध्यम से खेतों में पानी जमा कर धान की रोपाई का काम मजदूरों के माध्यम से शुरू कर दिया ताकि धान की फसल मौसम के मार से प्रभावित न हो सके। किसान सुन्दर सिंह, रामौतार सिंह, टीकम सिंह, सतीश कुमार, जयपाल सिंह, इंतेजार हुसैन, नफीस अहमद आदि का कहना है कि बारिश न होने की वजह से धान की रोपाई का कार्य पिछड़ रहा है। वहीं निजी नलकूपों के माध्यम से खेतों में पानी भरने के बाद धान की रोपाई करना काफी मंहगा साबित हो रहा है।