साथी छात्र छात्राओं के साथ देहात कोतवाली क्षेत्र के विंढमफाल में पिकनिक मनाने आए बीएचयू बरकछा कैंपस केे एमएससी प्लांट बायोटेक्नॉलाजी प्रथम वर्ष के छात्र की शनिवार की दोपहर 12 बजे दह में डूबकर मौत हो गई। पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से उसके शव को बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजवाया। जिला चिकित्सालय पर हंगामा मचाने की जानकारी होने पर पहुंचे पुलिस अधीक्षक अरविंद सेन व बीएचयू के प्रभारी प्राचार्य आरपी शुक्ला ने छात्रों को समझा बुझाकर शांत कराया। छात्र के परिजनों को घटना की सूचना दी।
जम्मू कश्मीर के कारगिल जिले के कन्नौड़ गांव निवासी गुलजार (22) पुत्र हाजी मो. हादी बीएचयू के राजीव गांधी दक्षिणी परिसर बरकछा से प्लांट बायोटेक्नॉलाजी से एमएससी कर रहा था। वह अरावली हास्टल में रहता था। शनिवार की सुबह दस बजे गुलजार अपने क्लास के 20 अन्य विद्यार्थियों के साथ देहात कोतवाली क्षेत्र के विंढम फाल में पिकनिक मनाने गया था।
सभी डांस कर रहे थे। उसी दौरान अभिषेक व उज्जवल नहाने लगे। गुलजार दह के पास बैठकर उनको देख रहा था। उसका पैर फिसला और वह दह में गिरकर डूबने लगा। साथी को डूबते देख वहां मौजूद छात्र-छात्राएं शोर मचाने लगे। अभिषेक व अन्य छात्रों ने गुलजार को बचाने की कोशिश शुरू कर दी। दो बार उसे पानी से ऊपर ले भी आए। गांव के चार बच्चे भी पहुंच गए और गुलजार को बाहर निकालने का प्रयास करने लगे।
गुलजार उन्हें पकड़कर बाहर निकलने का प्रयास करने लगा तो चारों बच्चे भी डूबने लगे। अपनी जान बचाने के लिए बच्चे गुलजार को पानी में छोड़ बाहर निकल गए। जिससे वह पानी में डूब गया। मौके पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों की मदद से गुलजार को बाहर निकलवाकर जिला चिकित्सालय लेकर पहुंची। वहां देखते ही चिकित्सक ने गुलजार को मृत घोषित कर दिया। छात्र की मौत की खबर सुनते ही साथी छात्र आक्रोशि और चिकित्सालय में हंगामा करने लगे। काफी देर तक छात्र अस्पताल में हंगामा करते रहे। अस्पताल के कर्मचारियों ने इसकी सूचना पलिस को दी। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस अधीक्षक अरविंद सेन दलबल के साथ पहुंच गए। उन्होंने नाराज छात्रों को समझा बुझाकर शांत कराया। कहा कि यह एक हादसा है। इसमें किसी की कोई गलती है।
पहले शव को परिजनों के आने तक सुरक्षित रखवा दिया गया था। बाद में चचेरे भाई जाकिर हुसैन को शाव सौंप दिया गया।। विंढ़मफाल में डूबने से मारे गए छात्र के शव का पोस्टमार्टम करने के लिए अड़े थेे। उनका कहना था कि परिवार वालों के आने तक किसी को शव न दिया जाए। बाद में मृत छात्र चेचेरे भाई ने शव सुपर्द करने को कहा। उसके घर वालों ने भी इस आशय का ईमेल भेज कर पुलिस से इसके लिए अनुरोध किया। देर रात तक छात्र इस मसले पर धरने पर बैठे रहे। आखिरकार पुलिस ने बगैर पोस्टमार्टम किए ही पंचनामा करके शव उसके चचेरे भाई जाकिर को सौंप दिया। वहां से शव को बीएचयू चिकित्सा विज्ञान संस्थान ले जाया जाएगा। वहां से केमिकल लगाकर उसे बाबतपुर हवाई अड्डे से जहाज से कश्मीर ले जाया जाएगा।