शासन, प्रशासन व गोद लेने वाली संस्था की गई लापरवाही से अंतराष्ट्रीय पावर लिफ्टर निधि पटेल यूएसए के आरलेंडों में 13 से 19 अक्तूबर तक होने वाले वर्ल्डकप में भाग नहीं ले पाएगी। 10 अक्तूबर तक फेडरेशन को पूरा पैसा जमा नहीं किया गया तो वह वर्ल्डकप में भाग नहीं ले सकेंगी। ये बातें नगर के सिविल लाइन में प्रेसवार्ता में निधि के कोच कमलापति त्रिपाठी ने सोमवार की दोपहर में कही।
उन्होंने बताया निधि का चयन अब वर्ल्ड ओपेन पावर लिफ्टिंग चैंपियनशिप हुआ है, जो 13 से 19 अक्तूबर तक आरलेंडों यूएसए में आायोजित होगा। एशियन बैंचप्रेस पावर लिफि्टंग चैंपियनशिप के लिए निधि ने पूरा पैसा फेडरेशन का जमा कर चुकी है, लेकिन वर्ल्डकप के लिए इंडियन पावर लिफ्टिंग फेडरेशन को एक लाख 95 हजार रुपये जमा करने हैं। निधि को बनारस की दो संस्थाओं ने दो वर्षों के लिए गोद लिया है, जिसमें एक संस्था ने आश्वासन दिया है लेकिन पैसा अभी तक जमा नहीं किया। यदि संस्था या शासन तथा प्रशासन द्वारा सहयोग नहीं किया गया तो निधि सिंह प्रतियोगिता में हिस्सा नहीं ले पाएगी। निधि ने मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से मुलाकात कर यश भारती पुरस्कार, विदेशों में खेलने के लिए आर्थिक सहयोग और नौकरी दिलाने की भी मांग की थी।
मुख्यमंत्री ने सहायता का आश्वासन दिया था लेकिन कुछ हुआ नहीं। निधि वर्ल्ड कप में भाग नहीं ले पाएगी तो उसे मजबूरन दूसरे राज्य में रह कर खेलों में प्रतिभाग करना पडेगा क्योंकि क्योंकि अन्य प्रदेश में पावर लिफ्टिंग खिलाड़ियों को काफी सुविधाएं मिलती हैं।