फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ग्राम चौपाल: 117 शिकायतें आईं, 113 का निस्तारण

विज्ञापन
विज्ञापन
मिर्जापुर। जिले के 12 ब्लॉकों की 24 ग्राम पंचायतों में शुक्रवार को ग्राम चौपाल का आयोजन हुआ। खंड विकास अधिकारियों की अध्यक्षता में आयोजित चौपालों में कुल 117 मामले आए, जिनमें 113 का निस्तारण मौके पर किया गया। सिटी ब्लॉक के बढ़ौली, जिगनौड़ी, पहाड़ी में देवाही, मोहनपुर भवरख, मझवां के बरैनी व गोर्वधनपुर, कोन के अनुरुद्धपुर पूरबपट्टी, सारीपट्टी, छानबे में भैदपुर, चतुरिया, लालगंज में राजापुर व नदौली, हलिया में चंद्रगढ़, मझिगवां, पटेहरा कला में अमोई पुरवां, नेवढ़िया, राजगढ़ के रामपुर 33 व कुंदरूफ, जमालपुर के धुरिया, कंचनपुर, नरायनपुर में भुड़कुड़ा, दयालपुर, सीखड़ में कठेरवां व हांसीपुर गांव में ग्राम चौपाल का आयोजन हुआ। सिटी ब्लॉक के बढ़ौली में आयोजित ग्राम चौपाल में विद्युत और राजस्व विभाग के अधिकारी नहीं पहुंचे। इसलिए इन विभागों से जुड़ी शिकायतों का का निस्तारण नहीं हो सका। गांव की राजकुमारी सिंह का कहना था कि पति को गुजरे 15 वर्ष हो गए लेकिन अभी तक वरासत नहीं हुई। इसी तरह पिंटू पुत्र रामधारी का कहना था कि जब पिता की ही वरासत नहीं हुई तो हमारी कैसे होगी। सुनीता देवी ने भी वरासत का मामला उठाया। चौपाल में एडीओ पंचायत केके सिंह, सचिव सौरभ गोड़, एडीओ कृषि चंद्रशेखर शर्मा, ग्राम प्रधान रहे। इसी तरह से जिगनौड़ी में में ग्रामीणों ने बिजली विभाग के अधिकारियों के नहीं आने पर रोष व्यक्त किया। कहा स्कूल के ऊपर से गुजरे बिजली तारों से बरसात के दिनों में भवन में करंट प्रवाहित होता है। छानबे ब्लॉक के भैदपुर व चतुरिया में बीडीओ हरिओम गुप्ता ने समस्याएं सुनीं। चौपाल के बाद बीडीओ ने मनरेगा से निर्मित इंटरलॉकिंग का निरीक्षण किया। दोनों ग्राम पंचायतों में पेंशन, किसान सम्मान निधि, आवास के मुद्दे ग्रामीणों ने उठाए। चतुरिया में हैंडपंप रीबोर की मांग की गई। हलिया ब्लॉक के ग्राम पंचायत चंद्रगढ़ में बीडीओ कुलदीप कुमार, एडीओ पंचायत रूपेश श्रीवास्तव ने ग्रामीणों की फरियादें सुनीं। ग्रामीणों ने परिवार रजिस्टर की नकल न जारी करने की शिकायत की। इस पर बीडीओ ने सचिव को नियमानुसार ग्रामीणों को परिवार रजिस्टर की नकल देने का निर्देश दिया। गिरिजा व भोला ने पेंशन न मिलने की शिकायत की। दिव्यांग रामबाबू ने आवास की मांग की। कहा अधिकारियों से गुहार लगाने के बावजूद छत नसीब नहीं हुई।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें