ट्रेन के एसी कोच से एक युवक उतरा। संदिग्ध होने पर उसे पकड़ कर पूछताछ की गई। उसके पास यात्रा का टिकट नहीं मिला। पूछताछ करने पर उसने बांग्लादेश की नागरिक होने की पुष्टि की। युवक के पास से बांग्लादेश की नागरिकता संबंधी आईडी प्रूफ मिला है।
बांग्लादेशी नागरिक मोहम्मद रियाज (22) पुत्र मोहम्मद शाहजहां निवासी मजलिसपुर थाना सीनेट जिला हबीबगंज बांग्लादेश का निवासी है। बांग्लादेशी नागरिक मिलने के बाद आईबी एलआईयू अन्य खुफिया टीम ने पहुंचकर बांग्लादेशी नागरिक से पूछताछ किया।
पूछताछ में बांग्लादेशी नागरिक ने बताया कि वह वह जम्मू कश्मीर के पुलवामा में कबाड़ बनने का काम करता है । सात-आठ वर्ष से वही रह रहा है। दो मां पहले घर गया था। वापस लौट कर पुलवामा जा रहा था। वह अवैध तरीके से बॉर्डर पार करके देश में घुसा है। पूछताछ के बाद उसके बांग्लादेशी नागरिक मोहम्मद रियाज के खिलाफ अवैध तरीके से बॉर्डर पर कर देश में घुसने के आरोप में प्राथमिक की दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।
पांच साल से मिर्जापुर में रह रहे थे चार बांग्लादेशी
कटरा कोतवाली पुलिस ने छह अप्रैल की रात रेलवे स्टेशन के पास जांच के दौरान एक संदिग्ध युवक को पकड़ा तो मिर्जापुर में करीब पांच साल से रह रहे चार बांग्लादेशी नागरिकों के मामले का खुलासा हुआ। पकड़े गए लोगों की पहचान मो. सबूज हुसैन, सब्बीर हुसैन, नरेश दास और जय दास के रूप में हुई। पुलिस के अनुसार सबूज हुसैन बांग्लादेश के दनाजपुर, थाना पीरगंज, जिला ठाकुरगांव, रंगपुर का निवासी है। उसका भाई सब्बीर हुसैन भी वहीं का रहने वाला है।
नरेश दास और जय दास भी बांग्लादेश के रंगपुर क्षेत्र के निवासी बताए गए हैं। पुलिस ने डगमगपुर पड़री स्थित क्रशर प्लांट से तीन अन्य को पकड़ा था। चारों वहां मजदूरी करते थे। आरोप है कि बिहार के कैमूर जिले के पते पर फर्जी आधार और पैन कार्ड बनवाकर अपनी पहचान छिपाई थी। इनके पास से बांग्लादेश की मतदाता पहचान पत्र, पासपोर्ट समेत अन्य दस्तावेज और चार मोबाइल फोन मिले थे। चारों अभी जेल में है। जिनकी जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त हो चुकी है।