शुक्रवार की आंधी से मिली राहत शनिवार को सुबह ही काफूर हो गई। सूरज अपने पूरे तेवर के साथ निकला और पारा 42 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। अलबत्ता रात की आंधी से जगह-जगह तार टूटने से 300 से ज्यादा गांवों की बिजली जरूर गुल रही, जिससे लोगंों को पसीना पोछते दिन बितना पड़ा।
आंधी में तार टूटने से राजगढ़ विद्युत उपकेंद्र में गड़बड़ी आ गई। राजगढ़ के 33 केवी विद्युत उपकेंद्र के तीन फीडरों से 300 गांव को विद्युत आपूर्ति होती है। देर शाम से अचानक आंधी आने के चलते गुरूदेव नगर व राजगढ़ के बीच तार टूट जाने से आपूर्ति बाधित हो गई। तार जोड़ने में विभाग को 18 घंटे लग गए। इस दौैरान विद्युत आपूर्ति बाधित रही। तार टूटने से क्षेत्र के राजगढ़, ददरा, हिनौता, दरवान, भीटी, भवानीपुर चौखड़ा, निररिका, धनसिरिया, खोराडीह, कोन, गढ़वा, नदिहार, कुड़ी, करौदा, लूसा, तालर, सेमरी सरसों आदि गांवों की भी बिजली गुल रही। बिजली नहीं आने से लोगों को पेयजल की समस्या से जुझना पड़ा।
राजगढ़ उपकेंद्र के अवर अभियंता सियाराम यादव ने बताया कि शुक्रवार की रात आंधी आने से गुरुदेव नगर राजगढ़ के बीच तार टूट गए थे। शनिवार की दोपहर तारों को जोड़वाकर आपूर्ति चालू करा दी गई है। बताया कि राजगढ़ में तार जर्जर होने की वजह से हवा चलने पर तार टूट जाते हैं। जिससे आपूर्ति बाधित हो जाती है। बिजली व्यवस्था की जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी गई है। जैसे ही नए तार व अन्य उपकरण की व्यवस्था दे दी जाएगी आपूर्ति में सुधार आ जाएगा।