देहात कोतवाली क्षेत्र के महकुचंवा रेलवे क्रासिंग के पास ट्रेन से कट कर मरे 52 वर्षीय अधेड़ का शव नहीं उठाने से नाराज ग्रामीणों ने गुरुवार को एक मालगाड़ी को ट्रैक पर ही रोक दिया और चालक, गार्ड को बंधक बना लिया।
इससे इलाहाबाद-मुगलसराय रूट के डाउन लाइन पर परिचालन ठप हो गया। इससे अधिकारियाें में हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंचे स्टेशन अधीक्षक ने लोगाें को समझाकर परिचालन बहाल कराया।
जीआरपी, कटरा व देहात कोतवाली की पुलिस सीमा विवाद में उलझी रही।
रेलवे क्रासिंग के पास डाउन लाइन पर सुबह 11 बजे अज्ञात अधेड़ किसी ट्रेन से कट गया। शव के शरीर पर कत्थई रंग का कुर्ता, कोठारी पाजामा, काले रंग की टोपी, काले रंग का जूता व गले में गमछा था। इसकी सूचना लोगों ने रेल कर्मियों को दी, लेकिन दोपहर तक शव नहीं हटाया गया।
इससे नाराज लोग डाउन लाइन पर खड़े हो गए। इसी दौरान उन्होंने इलाहाबाद से मालदा टाउन जा रही एक मालगाड़ी को रोककर उसके चालक और गार्ड को बंधक लिया। इससे डाउन लाइन पर ट्रेन परिचालन ठप हो गया।
जानकारी मिली तो अधिकरियाें में हड़कंप मच गया। स्टेशन अधीक्षक सुभाष सिंह और जीआरपी के उपनिरीक्षक श्याम
ब्रत सिंह यादव फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे, लोगाें को समझाकर उन्हें हटाया। इसके बाद ट्रैक पर यातायात बहाल हुआ। उधर, देहात व कटरा कोतवाली और जीआरपी की पुलिस सीमा विवाद में उलझी रही।
जिसके कारण कारण करीब ढाई घंटे तक शव रेलवे लाइन के किनारे पड़ रहा। बाद में देहात पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
स्टेशन अधीक्षक सुभाष सिंह का कहना है कि चालक व गार्ड को बंधक नहीं बनाया गया था। डेढ़ घ्ांटे तक परिचालन ठप होने की सूचना पर जब वह मौके पर पहुंचे तो देखा कि चालक गाड़ी के केबिन में बैठा था,
काफी संख्या में लोग रेलवे ट्रैक पर खड़े थे। जिनको हटवाते हुए गाड़ी को रवाना कराया गया।