जिले के किसानाें को मुआवजा दिलाने सहित कई अन्य मांगों को लेकर गुरुवार को शहर कांग्रेस कमेटी के कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया।
कार्यकर्ताओं ने जिला प्रशासन के जरिए मिर्जापुर को औद्योगिकीकरण करने, मनरेगा योजना को शहरी क्षेत्रों में लागू करने एवं भूमि अध्यादेश बिल वापस लेने आदि से संबंधित मांग पत्र राष्ट्रपति को प्रेषित किया।
जिला मुख्यालय पर आयोजित सभा के दौरान कांग्रेसजनाें ने किसानों की समस्याआें सहित गरीबी, भूखमरी, बेरोजगारी, भष्टाचार आदि मुद्दाें के निस्तारण की मांग की।
शहर कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष मनोज विश्वास ने कहा कि पूर्वी उ.प्र. का सबसे पिछडे़ जनपद मिर्जापुर से बेरोजगारी को दूर करने के लिए क्षेत्र का औद्योगिकीकरण करना होगा। कहा कि बेमौसम बारिश ने किसानाें की खड़ी फसल को तहस-नहस कर दिया है, जिससे किसानाें को काफी नुकसान पहुंचा है।
कर्ज से लदा किसान आर्थिक रूप से काफी पिछड़ चुका है। कहा कि भूमि अधिग्रहण अध्यादेश से किसानाें की कीमती जमीन विकास के नाम पर उद्योगपति कब्जा करेंगे।
इस दौरान पिंकी कौर, प्रेवती, सतनाम कौर, सीता सोनकर, अंकित अग्रहरि, राम यादव, दशरथ निषाद, फातिमा, आकाश सोनकर, महमूद अहमद, राजेश, इंदर सोनकर, प्रभावती देवी, श्याम कुमारी, मीना आदि रहे।