मिर्जापुर। जिलाधिकारी सुशील कुमार पटेल ने शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक कर विकास कार्यक्रमों की समीक्षा की।
समीक्षा बैठक में आईटीआई के प्रधानाचार्य के अनुपस्थित रहने पर स्पष्टीकरण मांगा। मुख्य विकास अधिकारी अविनाश सिंह ने बताया कि वे पिछली बैठक तथा शासन द्वारा की गयी वीडियो कांफ्रेंसिंग में भी अनुपस्थित रहे। जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुये कहा कि तीन दिवस के अन्दर संतोषजनक जवाब न दे पाने पर कार्रवाई की जायेगी। बैठक में जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागीय अधिकारियों व निर्माण कार्यदायी विभागों से कहा कि वित्तीय वर्ष समाप्त होने में समय कम है। अत: सभी अधिकारी अपने-अपने विभाग के विकास कार्यों में तेजी लाकर प्रगति लाये। उन्होंने विभिन्न निर्माण कार्यो के विभागीय अधिकारियों से कहा कि निर्माण कार्य में तेजी लायी जाय तथा यदि कहीं जमीन की विवाद हो तो उसे संबंधित उप जिलाधिकारी के संज्ञान में लाकर तत्काल निराकरण कराया जाये तथा कार्य प्रारंभ किया जाये। उन्होंने निर्माण कार्यों में वित्तीय प्रगति भी लाने का निर्देश दिया। बैठक में जिलाधिकारी ने सड़कों की मरम्मत, निर्माण, एवं सुदृढ़ीकरण कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया। सेतु निर्माण, कषि विभाग, निराश्रित गोवंश आश्रय स्थल की समीक्षा के साथ ही नगर पालिकाओं को अपने-अपने क्षेत्रों में रैन बसेरा बनवाने का भी निर्देश दिया गया।
सीएमओ नहीं दे सके सही रिपोर्ट
मिर्जापुर। बैठक में स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान सही रिपोर्ट उपलब्ध कराने तथा प्रभारी मुख्य चिकित्साधिकारी द्वारा सही जानकारी न दे पाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जतायी। कहा कि आगे से बैठकों में पूरी जानकारी के साथ शामिल हों। इस दौरान टीकाकरण बढ़ाने का निर्देश दिया गया। मानक के अनुसार दवाओं की उपलब्ध सुनिश्चित करने का भी निर्देश दिया गया। प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के अंतर्गत गोल्डन कार्ड बनाने का कार्य कैंप लगाकर करने का निर्देश दिया गया।
अन्य योजनाओं की भी हुई समीक्षा
मिर्जापुर। आपरेशन कायाकल्प योजना में पिछले माह 68 प्रतिशत की प्रगति थी। इसमें इस माह केवल एक प्रतिशत बढ़ोत्तरी पर डीएम ने नाराजगी व्यक्त की। बैठक में हैंडपम्पों के रिबोर व मरम्मत, ओडीएफ प्रधानमंत्री आवास शहरी एवं ग्रामीण, एनआरएलएम, मनरेगा, मत्स्य पालन, उद्यान, समाज कल्याण के द्वारा संचालित विभिन्न पेंशन, छात्रवृत्ति की बिंदुवार समीक्षा की गयी। समीक्षा बैठक में अमृत योजना के अंतर्गत पार्कों के सुंदरीकरण, सीवर प्लांट निर्माण, कन्या सुमंगला योजना, आंगनबाड़ी केंद्रों का निर्माण, मुख्यमंत्री श्रम योगी मानधन योजना, खादी ग्रामोद्योग, आदि विभागों की बिंदुवार समीक्षा की गयी तथा समय से गुणवत्ता पूर्ण ढंग से प्रगति लाने का निर्देश दिया गया। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी अविनाश सिंह, जिला विकास अधिकारी अजितेंद्र नारायण मिश्र, परियोजना निदेशक रिषिमुनी उपाध्याय, सूचना अधिकारी ओम प्रकाश उपाध्याय, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी कैलाश नाथ, शशिकांत श्रीवास्तव आदि उपस्थित रहे।