बथुआ स्थित राजकीय आईटीआई में प्रवेश का दूसरा चरण भी समाप्त हुआ
मिर्जापुर। जिले की तीन राजकीय आईटीआई मिर्जापुर, छानबे और चुनार में 1000 से ज्यादा सीटें खाली रह गई हैं। जिले के बथुआ स्थित राजकीय आईटीआई में प्रवेश के दो चरण समाप्त हो चुके हैं, लेकिन अभी भी 290 सीटें नहीं भर सकी हैं। कमोबेश ऐसी ही स्थिति जिले के दो अन्य राजकीय आईटीआई की भी है।
जिले में तीन राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान हैं। इनमें मिर्जापुर, छानबे और चुनार शामिल हैं। मिर्जापुर आईटीआई को जिले का नोडल आईटीआई बनाया गया है। मिर्जापुर आईटीआई में विभिन्न ट्रेडों में कुल 814 सीटें उपलब्ध हैं। इसमें से प्रवेश के लिए 784 सीटें उपलब्ध हैं, लेकिन प्रवेश के पहले चरण का समय बीतने तक मात्र 400 प्रवेश हो सके थे। इसके बाद बृहस्पतिवार को प्रवेश का दूसरा चरण भी पूरा हो गया, लेकिन अभी भी 290 सीटें रिक्त हैं।
छानबे आईटीआई में 312 सीट रिक्त
छानबे के राजकीय आईटीआई में प्रवेश के लिए 628 स्थान हैं। इसमें प्रवेश के लिए 450 की चयनित सूची आई है। उसमें भी अंतिम तिथि तक मात्र 316 प्रवेश हुए हैं। अभी भी 312 स्थान रिक्त हैं।
चुनार के राजकीय आईटीआई में 399 सीटें खालीं
चुनार की स्थिति और भी खराब है। वहां कुल सीटों की संख्या 568 है। प्रवेश के लिए 428 की चयनित सूची आई है, लेकिन अभी भी 399 स्थान रिक्त हैं। माना जा रहा है कि तकनीकी शिक्षा से युवाओं का मोहभंग हो रहा है।
वर्जन
“पहली सूची में अधिक मेरिट वाले बच्चे होते हैं। उनका अन्यत्र भी चयन हो जाता है। इसलिए कम प्रवेश होता है। अभी तीसरी सूची भी आने वाली है। उससे सीटें भरेंगी।”
मयंकमणि शुक्ला, प्रधानाचार्य, राजकीय आईटीआई मिर्जापुर