मिर्जापुर। जिले में नगर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक में संचालित अवैध वाहन स्टैंडों पर शिकंजा नहीं कसा जा रहा है। नगर क्षेत्र में धड़ल्ले से अवैध स्टैंडों का संचालन हो रहा है। स्थायी स्टैंड बनाने के लिए नगर पालिका की तरफ से अभी तक जमीन तक उपलब्ध नहीं कराई जा सकी है। इसकी आड़ में संचालित अवैध वाहन स्टैंडों पर वाहन खड़ा करने वालों से मनमाना वसूली की जा रही है। खास तौर से विंध्याचल इलाके में सबसे अधिक वसूली हो रही है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की तरफ से लगातार अवैध स्टैंड संचालकों पर कार्रवाई का निर्देश दिया जा रहा है, इसके बावजूद प्रशासन व पुलिस अवैध वाहन स्टैंडों पर लगाम नहीं कस पा रहे हैं। अवैध स्टैंडों पर वाहन स्वामियों से अवैध रूप से मनमाना वसूली हो रही है। इस बीच मुख्यमंत्री ने फिर से अवैध टैक्सी, बस व रिक्शा स्टैंडों पर वसूली बंद कराने का निर्देश दिया है। इसके बावजूद मुख्यमंत्री के निर्देश का असर जिले में देखने को नहीं मिल रहा है।
नगर पालिका के एक अधिकारी का कहना है कि इस समय शहर में छह स्टैंड ही पंजीकृत हैं। इनमें से चार स्टैंड विंध्याचल क्षेत्र में बरतर व काशी नरेश की भूमि के पास हैं। इसके अलावा नगर में बथुआ और रोडवेज के पास पंजीकृत स्टैंड का संचालन हो रहा है। उधर, पालिका के अधिकारी भले ही कागजों पर छह वाहन स्टैंड संचालित होने की बात कह रहे हैं, लेकिन नगर और विंध्याचल क्षेत्र में दर्जनों अवैध वाहन स्टैंडों का संचालन हो रहा है। इन स्टैंडों पर वाहन स्वामियों से मनमाना वसूली की जा रही है। नगर में संगमोहाल से जिगना मांडा के लिए सवारी बैठाई जा रही है। टेढ़वा, घोड़े शहीद, अष्टभुजा आदि स्थानों पर अवैध स्टैंड का संचालन हो रहा है। नगर पालिका ने बथुआ में एक स्टैंड पंजीकृत किया है, परंतु वहां दो से अधिक अवैध स्टैंडों का संचालन हो रहा है।
विंध्याचल क्षेत्र में कई स्थानों पर स्टैंडों का संचालन हो रहा है। यहां यात्रियों से मनमाना वसूली की जाती है। विंध्याचल में कई लोग तो घरों और दुकानों के बाहर भी खाली स्थान पर वाहनों की पार्किंग कराते हैं और वाहन स्वामियों से 50 से 100 रुपये तक प्रति तीन घंटे वसूलते हैं। विरोध करने पर मारपीट पर आमादा हो जाते हैं। ऑटो रिक्शा यूनियन के अध्यक्ष कमलेश चौहान ने बताया कि संस्था प्रशासन के सहयोग से लाइसेंस लेकर पंजीकृत वाहन स्टैंड के संचालन के लिए कार्य कर रही है। फिलहाल कई जगह अभी वाहन स्टैंड के लिए लाइसेंस नहीं मिल सका है। कई जगह अवैध तरीके से लोग स्टैंड का संचालन कर रहे हैं। वाहन स्टैंड के लिए स्थान मिलने की भी समस्या है। नगर पालिका के कर निर्धारण अधिकारी अरविंद यादव का कहना है कि पालिका में छह वाहन स्टैंड पंजीकृत हैं। इसमें चार विंध्याचल क्षेत्र और दो नगर में बथुआ व रोडवेज तिराहा के पास हैं। उधर, सीओ यातायात परमानंद कुशवाहा का कहना है कि अवैध वाहन स्टैंडों व यहां वाहन स्वामियों से वसूली करने वालों के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा। मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।