कछवां। थाना क्षेत्र में बरैनी-भटौली पक्का पुल से एक मां अपने दो वर्षीय मासूम पुत्री के साथ बृहस्पतिवार रात नौ बजे गंगा में कूद गई। बरैनी गांव के कुछ मछुआरों ने मौके पर जाकर दोनों को बचा लिया। दोनों को उपचार के लिए सीएचसी ले जाया गया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद दोनों को मंडलीय अस्पताल रेफर कर दिया गया। मण्डलीय अस्पताल में उपचार के दौरान मां की मौत हो गई।
कछवां नगर पंचायत के पांडेयपुर वार्ड निवासनी मधु पत्नी प्रदीप (26) अपने पति से नाराज होकर रात नौ बजे अपने दो वर्षीय पुत्री को लेकर बरैनी भटौली पुल पर पहुंची। बच्ची को गोद में लेकर गंगा में कूद गई। जहां कूदी वहां पानी कम था। उसकी चीख सुनकर पुल के नीचे मछली मार रहें मछुआरे मौके पर पहुंचे। मछुआरो ने डूब रही महिला और उसके दो वर्षीय बच्ची को बचाया। दोनों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर ले गए। जहां डाक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद मां व पुत्री को मण्डलीय अस्पताल रेफर कर दिया। जहां उपचार के दौरान मां की मौत हो गई। मृतका को एक पुत्र लक्की और दो पुत्री सोना और चांनी है। मृतका के भाई प्रमोद का आरोप है कि बहन मधु आए दिन शिकायत करती थी कि उसका पति अक्सर रात को शराब पीकर आता है और मारपीट करता है। कई बार जाकर समझाने का प्रयास भी किया, पर वह नहीं माना। शुक्रवार को भी साढ़े सात बजे बहन ने रोकर बताया कि उसके साथ मारपीट किया गया है। इसके बाद उसने पुल से गंगा में छलांग लगा दिया। थानाध्यक्ष संजीत बहादुर सिंह ने बताया कि एक महिला बरैनी भटौली पुल से अपने एक दो वर्षीय बच्ची के साथ गंगा में कूद गई थी। जिसे बरैनी गांव के कुछ मछुआरों द्वारा बचा लिया गया। महिला और बच्ची को कछवा स्वास्थ्य केंद्र लाया गया था। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसे मण्डलीय अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। जहां मां की इलाज के दौरान महिला की मौत हो गई। पारिवारिक विवाद के कारण महिला ने ऐसा कदम उठाया था।