जिला पंचायत सभागार में शबरी संकल्प अभियान के तहत प्रशिक्षण कार्यक्रम चल रहा है। प्रशिक्षण कार्यक्रम में जिलाधिकारी बिमल कुमार दुबे ने मास्टर ट्रेनरों को प्रशिक्षण दिया। उन्होंने कहा कि कुपोषण मुक्त जनपद बनाने के लिए सभी लोगों का सहयोग अपेक्षित है। जन सहयोग बिना कोई भी कार्य संभव नही है।
जिलाधिकारी ने कहा कि मिर्जापुर सहित 39 जनपदों में शबरी संकल्प अभियान चलाया जा रहा है। इसके लिए प्रत्येक ब्लॉक के सात कर्मचारियों को लखनऊ में प्रशिक्षित जनपदीय अधिकारियों द्वारा प्रशिक्षण प्रदान किया गया था। सभी अधिकारी पूरे मनोयोग से प्रशिक्षण प्राप्त करें। जिलाधिकारी ने कहा कि बच्चों में कुपोषण दूर करने के लिए राज्य सरकार ने अब शबरी संकल्प अभियान शुरू किया है।
एक नवंबर से शबरी संकल्प योजना लागू कर दी गई है। इसमें शून्य से तीन और तीन और तीन से पांच वर्ष तक के बच्चों का वजन लिया जाएगा। इसके बाद इसका डाटा तैयार कर ऑनलाइन किया जाएगा। कुपोषित बच्चों को पीली और अतिकुपोषित बच्चों को लाल श्रेणी में रखा जाएगा। बच्चों के वजन की नियमित ट्रैकिंग ऑनलाइन की जाएगी। इसमें आंगनबाड़ी की सेवाओं के अलावा अन्य विभागों की योजनाओं का लाभ भी दिया जाएगा। दिसंबर 2018 तक कुपोषण में दो फीसदी की कमी लाना प्रस्तावित है। लाभार्थियर्ढों को अनुपूरक पोषाहार, राशन कार्ड, राशन कार्ड से मिलने वाला अनाज वितरण होगा। सभी अधिकारी इस योजना को समय से पूरा करने व लक्ष्य की प्राप्ति के लिए अभी से प्रयास शुरू कर दें।
अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डा. बीएस राय ने कहा कि कुपोषण मुक्त बनाने तथा बच्चों और गर्भवती माताओं को संतुलित आहार के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस दौरान कार्यक्रम अधिकारी प्रमोद कुमार सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी अंजनी कुमार सिंह आदि मौजूद रहे।