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मझवां उपचुनाव : योगी की तीन सभाओं, ब्रजेश-केशव की चार-चार चौपालों से बना माहौल; काम आई BJP की सियासी रणनीति

Sun, 24 Nov 2024 10:08 AM IST
अमन विश्वकर्मा जयेंद्र चतुर्वेदी, अमर उजाला नेटवर्क, मिर्जापुर।

सार

By Election Results 2024 : यूपी के मिर्जापुर स्थित मझवां विधानसभा पर जातिय समीकरण सहित तमाम नीतियों पर भाजपा ने बारीकी से काम किया। अपने जनसभाओं में सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित तमाम दिग्गज नेताओं ने लुभावने नारे देकर भी जनता को आकर्षित किया था... सियासी माहाैल बनाया था।
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भाजपा नेता शुचिस्मिता मौर्य के साथ पार्टी के अन्य नेता। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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जातीय समीकरण, तमाम संभावनाओं और आशंकाओं के बीच मझवां में भाजपा प्रत्याशी को जीत मिल ही गई। जीत की पटकथा लिखने में भाजपा की रणनीति अहम रही है। भाजपा ने चुनाव प्रचार को आक्रामक अंदाज में आगे बढ़ाया।

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इसकी कमान खुद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संभाली। मुख्यमंत्री ने चुनाव से कुछ महीने पहले पहाड़ी ब्लाॅक, फिर मझवां और सिटी ब्लाॅक में चुनावी सभाएं कीं। उन्होंने नारा दिया कि बंटना नहीं है, एकजुट रहना है।  एक रहेंगे तो सेफ रहेंगे। इसका असर रहा कि भाजपा को सभी जाति के मतदाताओं का समर्थन मिल गया। 

मझवां विधानसभा क्षेत्र के पिछले चुनाव परिणामों पर नजर डालें तो उन्हीं के सिर जीत का सेहरा बंधा है, जिन्होंने जातीय समीकरण को समझकर रणनीति बनाई है। बसपा ने कैडर वोट के साथ ही ब्राह्मणों को साधने के लिए दीपक तिवारी को चुनाव मैदान में उतारा, लेकिन कामयाबी नहीं मिली। 
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सवर्ण भाजपा के पक्ष में गोलबंद दिखे। लोकसभा चुनाव की तरह ही सपा ने यादव, मुस्लिम, दलित और ओबीसी मतदाताओं के सहारे मैदान मारने का प्रयास किया, लेकिन असफलता मिली। ओबीसी मतदाता एकतरफा सपा के पास नहीं गया। दलित भी बंट गए। बिंद वोटरों को भी सपा नहीं सहेज पाई।

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केशव ने भी चार चौपाल से बनाया माहौल
उपमुख्यमंत्री केशव मौर्य दो बार आए और चार चौपाल में हिस्सा लेकर माहौल बनाने का काम किया। ओबीसी मतदाताओं को एकजुट किया। इसी तरह यूपी सरकार के कैबिनेट मंत्री अनिल राजभर ने क्षेत्र में ही प्रवास किया और जनसंपर्क करते रहे। उन्हें विधानसभा क्षेत्र का चुनाव प्रभारी बनाया था। भदोही सांसद डाॅ विनोद बिंद, पूर्व मंत्री रंगनाथ मिश्रा भी लगातार क्षेत्र में जनसंपर्क करते रहे। सुभासपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर, विधायक भूपेश चौबे, मंत्रियों में सूर्य प्रताप शाही, गिरीश यादव आदि ने भी माहौल बनाया। यही कारण रहा कि भाजपा अपनी सीट बचाने में कामयाब रही। 

केंद्रीय मंत्री व कैबिनेट मंत्री ने दी जीत की बधाई
भाजपा व सहयोगी संगठनों की संयुक्त प्रत्याशी की जीत की सूचना मिलते ही केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल व कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल ने शुचिस्मिता मौर्य को फोन करके बधाई दी। साथ ही मझवां की जनता का आभार व्यक्त किया। 

अपना दल एस पार्टी ने भी जश्न मनाया। भरुहना चौराहा पटेल चौक के अपना दल एस केंद्रीय कार्यालय पर पदाधिकारी व कार्यकर्ताओं ने ढोल -नगाड़े बजाकर पटाखे फोड़े और खुशी का इजहार किया। मिठाई बांटकर जश्न मनाया। जिलाध्यक्ष इंजीनियर राम लौटन बिंद ने एनडीए प्रत्याशी शुचिस्मिता से मिलकर जीत की बधाई दी। राष्ट्रीय सचिव मेघनाथ पटेल, प्रदेश उपाध्यक्ष आईटी मंच दुर्गेश पटेल, उदय पटेल, नमिता उपस्थित रहीं।

ब्राह्मणों की नाराजगी रमेश बिंद और सपा को दोबारा पड़ी भारी:  ब्राह्मणों को अपशब्द कहने और वीडियो वायरल होने का मामला भले ही पुराना हो पर रमेश बिंद का पीछा नहीं छोड़ रहा है। लोकसभा चुनाव 2024 और फिर मझवां विधानसभा उपचुनाव में सपा और उसके प्रत्याशी को खामियाजा भुगतना पड़ा है। 
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