महर्षि वेद विज्ञान विद्यापीठ विंध्याचल शाखा में बुधवार को महर्षि महेश योगी जी का जन्मदिवस महर्षि ज्ञान युग दिवस के रूप में मनाया गया। कार्यक्रम के दौरान महर्षि जी द्वारा वैदिक शिक्षा, भावातीत ध्यान व योग के क्षेत्र में किए गए विश्वव्यापी कार्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला गया। वक्ताओं ने कहा कि विश्व के सौ से अधिक देशों में महर्षि जी ने शैक्षणिक संस्थान और योगा केंद्र स्थापित करके भारतीय ज्ञान-विज्ञान का पताका फहराया है। महर्षि वेद विज्ञान विद्यापीठ विंध्याचल शाखा प्रभारी गिरीश चंद्र निगम ने महर्षि महेश योगी जी के जीवन मूल्यों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि समाज का संरक्षण व संवर्धन करने वालों की अपेक्षा समाज को बांटने और तोड़ने वालाें की संख्या तेजी से बढ़ रही है। एक तरफ रूढ़िवादिता व हठवादिता बढ़ी है तो दूसरी ओर उत्तम संस्काराें का अभाव दिखने लगा है। उन्हाेंने कहा कि भारतीय वैदिक शाश्वत सिद्धांत ओर प्रयोग सामूहिक चेतना को सद्गुणी बना कर सतयुग जैसा वातावरण नियत कर सकते हैं। अध्यक्षता घनश्याम त्रिपाठी ने किया तथा मुख्य अतिथि डा. मोमो जी रहे।