आयकर विभाग की टीम ने सोमवार को कटरा कोतवाली के अनगढ़ व अदलहाट के नरायनपुर बाजार निवासी कई व्यवसाइयों के यहां छापा मारा। सुबह से शाम तक चली छापेमारी के दौरान में आयकर विभाग के अधिकारियों ने व्यापारियों से उनकी आय का पूरा ब्यौरा मांगा। साथ ही नोटबंदी के दौरान बड़ी संख्या में हजार और पांच सौ के पुराने नोटों को बैंकों में जमा करने के बारे में पूछताछ की। एक टीम देर रात तक टीम नरायनपुर में व्यापारियों के आय का ब्यौरा लेती रही।
मिर्जापुर के कुछ व्यवसाइयों द्वारा नोटबंदी के दौरान 10 लाख रुपये से ज्यादा के पांच सौ और एक हजार के पुराने नोट बैंकों में जमा किए गए थे। जिसके बारे में व्यापारियों ने अभी तक बैंकों को कोई हिसाब नहीं दिया था। मामले की जानकारी होने पर आयकर विभाग ने इन व्यापारियों से हिसाब मांगा था, कि इतने नोटों को कहा से ले आए और कहा रखा था। किस मद से उन्हें मिला। कुछ नहीं बता पाने पर विभाग को इनपर कालाधन रखने का शक हुआ। मामले की सच्चाई जानने के लिए आयकर विभाग की चार सदस्यीय टीम सोमवार को जिले में धमकी। सुबह नौ बजे कटरा कोतवाली पुलिस के साथ कोतवाली क्षेत्र के अनगढ़ मोहल्ले में पहुंची। वहां एक घंड़ी व्यवसायी के मकान पर औचक छापा मारा। आय के कागजात खंगाले।
उनके मौजूद गोदाम पर छापेमारी की। सूत्रो ंकी माने को टीम ने इस स्थान पर काफी गोलमाल पाया। गड़बड़ी मिलने पर टीम कागजात को जब्त कर अदलहाट थाना क्षेत्र के नरायनपुर बाजार में छापेमारी करने पहुंच गई। अदलहाट व नरायनपुर पुलिस के साथ टीम ने एक व्यापारी के यहां छापा मारा। जहां दोपहर से लेकर शाम तक जांच चलती रही लेकिन जांच समाप्त नहीं हुआ। आयकर छापे की खबर गलते ही नगर, जमालपुर, अहरौरा, चुनार के व्यापारी दूकाने बंद कर गायब हो गए। सूत्रों की माने तो टीम को इन स्थानों पर भारी गड़बड़ी मिली है।