प्राथमिक उप स्वास्थ्य केंद्र मंगरहां के प्रभारी चिकित्साधिकारी व डिप्टी सीएमओ सहित छह चिकित्सकों को आशा, एएनएम व अन्य स्वास्थ्य कर्मियों ने कमरे के अंदर बंद कर बाहर से ताला लगा दिया। उनका आरोप था कि प्रभारी चिकित्साधिकारी अभद्र तरीके से बात करते हैं एवं बकाए वेतन का भुगतान, डीए, एरियर, जीपीएफ पासबुक एवं सर्विस बुक पर हस्ताक्षर करने में हीला हवाली करते हैं। बंधक बनाए जाने के दो घंटे बाद मौके पर पहुंचे जिला क्षय रोग अधिकारी एलएस मिश्रा ने आश्वासन दिया तब जाकर स्वास्थ्य कर्मचारी दो दिन का समय देते हुए माने और बंद कमरे का ताला खोल दिया।
सीखड़ विकास खंड के सभी स्वास्थ्य कर्मचारियों ने प्राथमिक उप स्वास्थ्य केंद्र मंगरहां के प्रभारी डा. विशाल यादव एवं डिप्टी सीएमओ अशोक सोनकर सहित छह चिकित्सकों को अपरान्ह दो बजे से सांयकाल चार बजे तक बंधक बनाए रखा। गुस्साए स्वास्थ्य कर्मचारियों का आरोप था कि प्रभारी चिकित्साधिकारी वर्ष 2016-17 का आशाओं का बकाए मानदेय का भी भुगतान अभी तक नहीं हो पाया है। स्वाथ्य कर्मी प्रभारी चिकित्साधिकारी को हटाए जाने की मांग पर अड़ेे रहे।
बंधक बनाए जाने की सूचना पर प्राथमिक उप स्वास्थ्य केंद्र मंगरहां पहुंचे कोतवाल चुनार भुवनेश्वर पांडेय, चौकी इंचार्ज अदलपुरा सूबेदार यादव के काफी समझाने-बुझाने पर भी स्वास्थ्य कर्मचारी नहीं माने। स्वास्थ्य कर्मचारियों की मांग थी कि जब तक सीएमओ मौके पर आकर प्रभारी चिकित्साधिकारी के स्थानांतरण की घोषणा नहीं करेंगे तब तक हम लोग स्वस्थ्य केंद्र के कमरे का ताला नहीं खोलेंगे।सांयकाल चार बजे मौके पर पहुंचे जिला क्षय रोग अधिकारी एलएस मिश्रा ने आश्वासन दिया कि सीएमओ अवकाश पर गए हैं उनके आने के बाद प्रभारी चिकित्साधिकारी का स्थानांतरण करा दिया जाएगा, तब कर्मचारी माने और बंद कमरे का ताला खोल दिया।
तत्पश्चात कोतवाल चुनार भुवनेश्वर पांडेय दलबल के साथ उनको सुरक्षा में लेकर चले गए। बंधक के दौरान स्वास्थ्य कर्मचारियों ने चेतावनी दिया कि यदि प्रभारी चिकित्साधिकारी का दो दिन के अंदर ट्रांसफर नहीं हुआ तो काम का बहिष्कार करके आंदोलन किया जाएगा।