अहरौरा। कृषि बिल जब तक वापस नहीं लिया जाता तब तक किसानों का धरना प्रदर्शन अनवरत जारी रहेगा। इस संघर्ष में किसान हर तरह से आहुति देने को तैयार है। किसान दिल्ली में कुछ करने के लिए तैयार बैठे हैं। सरकार को तीनों बिल अंतत: वापस लेना ही होगा अन्यथा इसके गंभीर परिणाम होंगे।
यह बातें रविवार की दोपहर अहरौरा जलाशय पर आयोजित भाकियू की पंचायत में मंडलाध्यक्ष प्रहलाद सिंह ने उपस्थित किसानों को संबोधित करते हुए कहा। पंचायत में ही किसानों ने कृषि बिल के विरोध में रणनीति बनाई। किसान पंचायत के दौरान कहा कि सरकार को सद्बुद्धि आ जाए तो तीनों किसान विरोधी कृषि बिल वापस हो जाए अगर ऐसा नहीं हुआ तो किसानों का भारी दल दिल्ली में कुछ करने के लिए तैयार है। जिलाध्यक्ष सिद्धनाथ सिंह ने कहा कि देश के किसान अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं। इसमें किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं है। बैठक के दौरान मौजूद किसानों ने नहरों के संचालन पर विभाग से मांग की कि अहरौरा और डोंगिया जलाशय कि नहरों का संचालन शुरू कर दिया जाना चाहिए। जिससे फसलों की पर्याप्त सिंचाई हो सके। किसान पंचायत में पंचम सिंह, बीरबल यादव, शिवप्रसाद, तेज प्रताप, अमित सिंह, राम सिंगार, वीरेंद्र सिंह सहित भारी संख्या में अन्य किसान उपस्थित रहे।