अक्षय तृतीया तिथि पर शनिवार को आभूषण बाजारों में देर रात तक चहल-पहल बरकरार रही। दूकानों पर सोने-चांदी, हीरे व रत्नजड़ित जेवरों की शोभा देखते ही बन रही है। ग्राहकों की पसंद ध्यान में रखते हुए दूकानदार अपनी दूकानों में तरह-तरह के डिजाइन के फैंसी गहनों की रेंज रखे हुए थे। ज्वैलर्स शाप पर पहुंचने के बाद महिला व पुरुष खरीदारों ने अपने मनपसंद के गहने बजट अनुसार खरीदा। आभूषणों की दूकानों पर ग्राहकों की भीड़ देख ग्राहक गदगद दिखाई दे रहे थे।
अक्षय तृतीया पर नगर के आभूषण बाजारों की रौनक देखते ही बन रही थी। दूकानों पर पहुंचे ग्राहकों ने अपने पसंद के गहनों को खरीदा। मंहगे व वजनी गहनों की अपेक्षा ग्राहक सस्ते व फैंसी गहनों की खरीदारी में खासी दिलचस्पी दिखा रहे थे। नगर के बसनही बाजार, गणेशगंज, चौबेटोला, त्रिमोहानी, धुंधी कटरा, नबालक का तबेला, पसरहट्टा बाजार सहित कई अन्य बाजारों में स्थित आभूषण की दूकानों की छटा देखते ही बन रही है।
अक्षय तृतीया पर सोना अर्नामेंट 28500 रुपये तथा सोना प्योर 29550 रुपये प्रति 10 ग्राम के हिसाब से बिके तथा चांदी अर्नामेंट 400 रुपये तथा चांदी प्योर 410 रुपये प्रति 10 ग्राम के हिसाब से बेचे गए। दूकानों पर चांदी के बर्तनों सहित पायल, बिछिया, गणेश-लक्ष्मी की भी बिक्री हुई, वहीं सोने से निर्मित हार, चैन, चूड़ी, कंगन, झुमका, बाली, अंगूठी, ब्रेसलेट सहित कई अन्य प्रकार के फैंसी गहने भी बेचे गए।
दूकानों पर हीरे की अंगूठी, टप्स व नोज किल आदि की फैंसी डिजाइन के गहने महिलाओं को खूब भा रही थी। नगर के गणेेशगंज स्थित गणपति ज्वैलर्स के अधिष्ठाता गोपाल जी सोनी ने बताया कि दूकानों पर ग्राहकों की पसंद को देखते हुए सोने-चांदी से बने एक से बढ़कर एक फैंसी आभूषणों की रेंज उपलब्ध हैं। ग्राहकों की सुविधा के लिए आभूषणों की दूकानों पर कैश भुगतान के साथ ही इंटरनेट बैकिंग के माध्यम से खरीदारी के बाद भुगतान की व्यवस्था की गई है।