एएसपी ने बताया कि पूछताछ के दौरान रविंद्र ने बताया कि शंकर के साथ गांव के ईंट-भट्ठा के पास अक्सर शाम को बैठकर शराब पीते थे। 27 अप्रैल को गांव में मैच देखते समय शंकर ने शराब पिलाने को कहा, मना करते हुए रविंद्र ने शंकर को एक थप्पड़ मार दिया।
इसके बाद उसी रात शंकर शराब के नशे में उसके घर के सामने आकर गाली देने लगा। दोनों भाई भी शराब के नशे में थे। इससे गुस्से में आकर अपने भाई छोटू कुमार के साथ शंकर से मारपीट कर ईट-भट्ठे पर लाया और उसके सिर पर ईंट मारकर बेहोश कर दिया।
बेहोश समझकर घर दोनों भाई वापस आ गए। सुबह पता चला की उसकी मौत हो गई है। एएसपी ने बताया कि भट्ठा तीन साल से बंद था। भट्ठे पर शराब पीने के बाद पन्नी को मिट्टी में गाड़ देते थे, जिससे किसी को पता न चले।