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UP News: शादी के बचे छोले-चावल खाने से लिवर ब्लास्ट, पांच बकरियां मरीं; लेखपाल ने शासन को भेजी रिपोर्ट

Sat, 27 Jun 2026 01:45 AM IST
Aman Vishwakarma अमर उजाला नेटवर्क, मिर्जापुर।

सार

Mirzapur News: जिले के ककरहा गांव में बरात का बचा हुआ चावल और छोला खाने से पांच बकरियों की मौत हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में अधिक मात्रा में बासी व मसालेदार भोजन खाने से लीवर क्षतिग्रस्त होने की पुष्टि हुई। प्रशासन ने जांच कर पशुपालक को सहायता का आश्वासन दिया, जबकि चिकित्सकों ने ऐसी लापरवाही से बचने की सलाह दी।
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शादी के बचे छोले-चावल खाने से लिवर ब्लास्ट। - फोटो : संवाद
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विस्तार
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UP News: मिर्जापुर के पड़री थाना क्षेत्र के ककरहा गांव में बरात का बचा हुआ भोजन पांच बकरियों के लिए जानलेवा साबित हुआ। बरात का बचा हुआ पका चावल और छोला खाने से पांच बकरियों की मौत हो गई। घटना के बाद गांव में हड़कंप मच गया। सूचना मिलने पर पुलिस, राजस्व विभाग और पशु चिकित्सा विभाग की टीम मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जांच शुरू की।

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घटना की जानकारी मिलते ही पड़री थाना पुलिस के साथ लेखपाल अमरेश सिंह और पशु चिकित्सकों की टीम मौके पर पहुंची। टीम ने मृत बकरियों का निरीक्षण करने के बाद उनके शवों का पोस्टमार्टम कराया, ताकि मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया कि बकरियों ने अत्यधिक मात्रा में पका हुआ चावल और छोला खा लिया था। इसके कारण उनके लीवर पर गंभीर प्रभाव पड़ा और वह क्षतिग्रस्त हो गया। रिपोर्ट के अनुसार बासी और अधिक मसालेदार भोजन खाने से बकरियों के पेट में संक्रमण, एसिडिटी और पाचन संबंधी गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई, जो अंततः उनकी मौत का कारण बनी।

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पशु चिकित्सकों ने बताया कि बकरियां और अन्य मवेशी मसालेदार, बासी अथवा अधिक मात्रा में पका हुआ भोजन पचा नहीं पाते हैं। ऐसा भोजन उनके पाचन तंत्र और लीवर पर प्रतिकूल असर डालता है। उन्होंने पशुपालकों से अपील की कि मवेशियों को केवल ताजा और संतुलित चारा तथा उनके लिए उपयुक्त आहार ही खिलाएं। बरात, भोज या अन्य आयोजनों का बचा हुआ मसालेदार भोजन पशुओं को देने से बचें।

लेखपाल अमरेश सिंह ने बताया कि घटना की रिपोर्ट तैयार कर शासन को भेजी जाएगी। उन्होंने पीड़ित पशुपालक को नियमानुसार मिलने वाली आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है। वहीं, प्रशासन ने पशुपालकों से जागरूक रहने और मवेशियों के खानपान में विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
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