पड़री के कम्हारी गांव में आए प्रमोद के कंकाल के बाद रोते परिजन। स्रोत- वीडियो ग्रैब।
मिर्जापुर। पड़री के कम्हारी गांव निवासी बोलेरो चालक प्रमोद गुप्ता की सात माह पहले हुई हत्या के बाद खुलासा तो हो गया था पर पर परिजन शव का अंतिम संस्कार नहीं कर सके थे। कारण कि जंगल में कंकाल मिला था। शव की पहचान के लिए डीएनए जांच का सेंपल भेजा गया था। सात महीने बाद प्रयागराज विधि विज्ञान प्रयोगशाला से डीएनए जांच में प्रमोद के शव की पुष्टि होने के बाद शव का अवशेष पुलिस ने परिजनों को सौंपा। इसके बाद परिजनों ने शव का चौबे घाट पर रविवार को अंतिम संस्कार किया।
10 अप्रैल को पड़री थाना क्षेत्र के कम्हारी गांव निवासी प्रमोद गुप्ता की बोलेरो को तीन नाबालिग बुक करके ले गए थे। प्रमोद घर नहीं लौटा तो उसके भाई अमित ने थाने में तहरीर दी। पुलिस जांच में जुटी। छानबीन में पुलिस को पता चला कि तीन नाबालिगों ने प्रमोद की गले में चाकू मारकर हत्या कर शव को लालगंज के बहुती जंगल में छिपा दिया था। 14 अप्रैल को मामले का खुलासा करते हुए पड़री पुलिस ने लालगंज के जंगल से प्रमोद का शव, बोलेरो, हत्या में प्रयुक्त चाकू, दो खून लगा शर्ट बरामद किया। मामले में पुलिस ने तीन नाबालिग के साथ आरोपी साजिशकर्ता हेमंत कुमार पांडेय उर्फ दीपक निवासी पथरौर थाना संतनगर को गिरफ्तार किया। कंकाल के पास मिले सामान से परिजनों ने शिनाख्त की। न्यायालय ने डीएनए जांच के लिए आदेश दिया था। कंकाल को पड़री थाना के मालखाना में रखा गया था। शव न मिलने पर परिजन अंतिम संस्कार नहीं कर सके थे। डीएनए जांच भी नहीं हो रही थी। छह मई को प्रमोद के माता-पिता का डीएनए सेंपल लेकर विधि विज्ञान प्रयोगशाला फाफामऊ प्रयागराज भेजा गया था। परिजन सात माह से शव का अंतिम संस्कार करने का इंतजार कर रहे थे। रविवार को डीएनए रिपोर्ट में प्रमोद गुप्ता के शव की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने थाने के मालखाने में रखे कंकाल को परिजनों को सौंपा दिया। कंकाल घर आते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों ने चौबे घाट पर कंकाल का अंतिम संस्कार किया।
हत्या के बाद कंकाल मिलने पर डीएनए जांच के लिए भेजा गया था। सात माह बाद डीएनए रिपोर्ट में प्रमोद के शव की पुष्टि के बाद कंकाल परिजनों को दिया गया। - अजित सिंह, पड़री थानाध्यक्ष
वेब सीरीज देखकर की थी हत्या
मिर्जापुर। बोलेरो लूट और चालक प्रमोद गुप्ता की हत्या करने वाले तीन नाबालिग वेब सीरीज मिर्जापुर से प्रेरित थे। वेब सीरीज के मुख्य पात्र कालीन भैया के नाम पर एक नाबालिग आरोपी ने अपना नाम कालीन भैया रख लिया था।
हत्या का साजिशकर्ता व चौथे आरोपी दीपक की जेल में हो गई है मौत
मिर्जापुर। बोलेरो चालक की हत्या करने के मामले में पकड़े गए तीन नाबालिग को बाल सुधार गृह और गिरफ्तार साजिशकर्ता हेमंत कुमार पांडेय उर्फ दीपक निवासी पथरौर थाना संतनगर को जेल भेजा गया था। थानाध्यक्ष पड़री अजित सिंह ने बताया कि 23 मई को आरोपी हेमंत उर्फ दीपक पांडेय की जेल में मौत हो गई थी। उसे बीपी व शुगर की बीमारी थी। हत्या कर बोलेरो लूटने की साजिश उसने रची थी। इसके पास से बोलेरो का म्यूूजिक सिस्टम आदि बरामद हुआ था।
शराब पिलाकर की थी हत्या
मिर्जापुर। प्रमोद के गांव के दो किशोरों ने किसी महिला की विदाई कराने के नाम पर बोलेरो बुक की थी। आरोपियों ने 10 अप्रैल को प्रमोद को भरुहना चौराहे पर बुलाया था। वहां देहात कोतवाली क्षेत्र का एक और नाबालिग आरोपी साथ हो गया। इसके बाद सभी पटेहरा के लिए निकले। आरोपियों ने दो बोतल शराब खरीदी। उन्होंने बोलरो चालक प्रमोद को खूब शराब पिलाई। खुद कम शराब पिया। लालगंज के बहुती जंगल में पहुंचने पर आरोपियों ने चाकू से प्रमोद की हत्या कर शव झाड़ी में छिपा दिया था।