महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) योजना में आए दिन मनमानी और गड़बड़ी उजागर होती रहती है। एक बार फिर ऐसा ही नजारा मिर्जापुर जिले के खंड विकास अधिकारी पटेहरा कला के औचक निरीक्षण में सामने आया। रामपुर ठाकुर दयाल गांव में कक्षा छह का छात्र मनरेगा के तहत कार्य करते पाया गया। मामले में बीडीओ ने ग्राम रोजगार सेवक को कड़ी फटकार लगाई।
खंड विकास अधिकारी पटेहरा कला मंगलवार को बहुती व रापुर ठाकुर दयाल गांव में हो रहे मनरेगा कार्यों का औचक निरीक्षण किया। बहुती गांव में जहां लेबर नहीं मिले, वहीं रामपुर ठाकुर दयाल में कक्षा छह के छात्र को मनरेगा कार्य करते देखकर बीडीओ ने ग्राम रोजगार सेवक को कड़ी फटकार लगाई। दोनों स्थानों पर संबंधित गांव के सचिव उपस्थित नहीं मिले।
बहुती गांव में झुरिया पाल बंधी पर लगे काम को देखने पहुंचे बीडीओ ने काम बंद देख रोजगार सेवक को डांटा। साथ ही निकाले गए मस्टर रोल के अनुसार लेबर लगाने की चेतावनी दी। जिसके बाद रामपुर ठाकुर दयाल पहुंचे जहां परमेश्वर के घर के पास बंधी का गहरी करण का कार्य कराया जा रहा था जहां मस्टर रोल में 87 लेबर के सापेक्ष 57 लेबर काम पर मिले।
बीडीओ की नजर काम करते एक बच्चे पर गई। पूछताछ में वह कक्षा छह का छात्र निकला। यह सुनकर खण्ड विकास अधिकारी दिनेश मिश्र ग्राम रोजगार सेवक पर भड़क गए। फटकार लगाते हुए छात्र को घर भेज दिया। चेतावनी दी कि यदि आगे से ऐसा हुआ तो बाल श्रम के तहत मुकदमा पंजीकृत कराया जाएगा।