पुलिस ने नौकरी दिलाने के नाम पर जालसाजी करने वाले जमालपुर थाना क्षेत्र का घसरौड़ी गांव निवासी दिनेश यादव को गिरफ्तार किया गया है। उसको पड़री थाने के चंदन यादव की शिकायत पर गिरफ्तार किया गया। आरोप है कि दिनेश नौकरी की तलाश में था। नौकरी तो नहीं मिली लेकिन लखनऊ के गोमती नगर में रहने वाले एक सेना के रिटायर्ड जवान के संपर्क आकर जालसाजी करने लगा।
उसने नौकरी दिलाने के नाम पर कई लोगों समेत अपने रिश्तेदारों व दोस्तों को अपने जाल में फंसाया। तीन लोगों को आरपीएफ में नौकरी का ज्वाइन लेटर भी दे दिया। ज्वॉइनिंग लेटर लेकर वर्ष 2012 में जब भुक्तभोगी संबंधित विभाग में पहुंचे तो उनको बताया गया कि लेटर फर्जी है। इसके बाद चंदन यादव निवासी रामपुर चमरही, थाना चकिया, चंदौली और धीरज निवासी ढेलवा पड़री, मिर्जापुर और चुनार के रजनीश यादव ने नौकरी दिलाने नाम पर दिए पैसे दिनेश से मांगना शुरू कर दिया। दिनेशे आज-कल में रुपये लौटाने का बहाना बनाता रहा। आजिज आकर चंदन ने जमालपुर पुलिस को तहरीर दी। जमालपुर थाना प्रभारी नन्हे राम सरोज ने रविवार की दोपहर बाद नौकरी दिलवाने के नाम पर धोखाधड़ी करने वाले जालसाज को ओडी चट्टी से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। बताया कि आरोपी ने चंदन से 97 हजार, धीरज से 48 हजार रुपये तथा रजनीश से 45 हजार रुपये आरपीएफ में नौकरी दिलाने के नाम पर लिया था। पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पूछताछ में दिनेश बताया कि नौकरी दिलाने के नाम पर पैसा लिया है। वर्तमान में दिनेश बीएचयू के ट्रामा सेंटर में संविदा पर गार्ड के सुपरवाइजर के रूप में नौकरी करते हुए अपना नेटवर्क चला रहा था। थाना प्रभारी नन्हे राम सरोज ने बताया कि जालसाज के नेटवर्क से जुड़े लोगों के बारे में भी पता करके उन्हें भी जेल भेजा जाएगा।